प्रेम में हताश एक इंजीनियरिंग छात्र ने कनपटी पर गोली मारकर जान दे दी। घटना की सूचना मिलने पर कैंट पुलिस मौके पर पहुंच गई। उसने शव को कब्जे में लेकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया। युवक के शव के पास से ही एक देशी तमंचा भी बरामद हुआ है। कैंट थाना के ऊंचवागढ़ी मोहल्ला निवासी अशोक कुमार द्विवेदी कोरांव स्थित सीएचसी में बतौर लैब सहायक तैनात हैं। पत्नी भी उनके साथ ही कोरांव में रहती हैं जबकि उनका बड़ा पुत्र दीपक 27 वर्ष अपने छोटे भाई सूरज के साथ यहां रहता था। दीपक बीटेक करके एमटेक में प्रवेश के लिए तैयारी कर रहा था। पुलिस के मुताबिक गुरुवार दोपहर करीब ढाई से तीन बजे के बीच दीपक अपने कमरे में अकेले था। उसने खुद को कमरे में बंद करके देशी तमंचे को कनपटी पर सटाकर गोली मार ली।
दोपहर के बाद भी दीपक जब घर से बाहर नहीं निकला तब पड़ोसियों को शक हुआ। उन्होंने घटना की सूचना पुलिस को दी। थोड़ी देर में कैंट इंस्पेक्टर आरसी रावत मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने शव को कब्जे में लेने के साथ परिवार को घटना की सूचना दी। दीपक के कमरे में मिले मोबाइल को खंगाला गया, जिसमें एक नंबर पर उसकी ओर से भेजे मैसेज दिखलाई पड़े। आत्महत्या करने से पहले उसने आखिरी मैसेज जिस नंबर पर भेजा, वह स्विच ऑफ बता रहा था। कैंट इंस्पेक्टर का कहना है कि परिवार के लोगों ने उसके ऐसे किसी भी संबंध से अभी अनभिज्ञता जताई है।
मोबाइल में मिले संदेश उसके भीतर संबंधों को लेकर भरी हताशा उजागर कर रहे थे। उसने कई मैसेज भेजे लेकिन, इनबॉक्स में इनको डिलीट कर दिया गया था। हालांकि कुछ उसने आउटबॉक्स में सुरक्षित रखे थे। ऐसा ही मार्च महीने में भेजा एक मैसेज सुरक्षित रखा था जिसमें उसने लिखा कि आज आपने यह जानने के लिए फोन किया कि मैं जिंदा हूं या नहीं, कोई बात नहीं जल्दी अच्छी खबर मिलेगी। पुलिस के मुताबिक प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि वह पिछले कुछ महीनों से इसको लेकर काफी परेशान चल रहा था। परिवार के लोगों को उसकी परेशानी के बारे में पता था कि नहीं, यह अभी पुलिस को मालूम नहीं चला है। पुलिस के लिए एक हैरानी की बात यह भी थी कि इंजीनियरिंग का छात्र होने के बावजूद वह फीचर फोन का ही इस्तेमाल करता था।
दीपक की मौत की खबर सुनते ही उसके पिता अशोक द्विवेदी तुरंत इलाहाबाद आ गए। देर-रात कैंट थाने पहुंचकर अपने पुत्र के हत्या किए जाने की आशंका जताते हुए पुलिस को तहरीर सौंपी। उन्होंने पुलिस को बताया कि पूर्व में दीपक ने ऐसी कोई बात परिवार के लोगों से नहीं बताई थी। पुलिस ने उनकी तहरीर पर एफआईआर दर्ज कर लिया है।