दूसरी आजादी आंदोलन के संयोजक डॉ. नीरज छेड़खानी के मामले में फंस गए हैं। सिविल लाइंस में स्टेनली रोड की रहने वाली महिला वकील ने आरोप लगाया है कि कमिश्नरी गेट के सामने डॉ. नीरज ने छेड़खानी की और जान से मारने की धमकी दी। महिला वकील ने डॉ. नीरज के खिलाफ कर्नलगंज थाने में एफआईआर दर्ज करा दी। डॉ. नीरज महिला वकील और उसके साथ आए चार लोगों पर तमंचा सटाकर लूट करने का आरोप लगा रहे हैं। उन्होंने भी तहरीर दी लेकिन एफआईआर नहीं दर्ज की गई।
जिस महिला वकील ने डॉ. नीरज पर छेड़खानी का आरोप लगाया है, उससे उनका रास्ते को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा है। इसी मामले की शुक्रवार को कमिश्नरी में सुनवाई थी। दोनों पक्ष मौके पर पहुंचे थे। महिला वकील का आरोप है कि सुनवाई के बाद वह बाहर निकलीं तो डॉ. नीरज ने रास्ता रोक लिया और जान से मारने की धमकी दी। डॉ. नीरज ने उनका हाथ पकड़कर घसीटा और कपड़े फाड़ने की भी कोशिश की। इस बारे में डॉ. नीरज का कहना है कि स्टेनली रोड पर उनके मकान के रास्ते में महिला वकील ने कब्जा कर कमरा और टॉयलेट बनवा लिया है। इसकी शिकायत उन्होंने एडीए में की थी। सुनवाई कमिश्नरी में चल रही है।
कमिश्नरी में उनकी महिला वकील के साथ आए लोगों से कहासुनी हुई थी। जब वह अकेले अपनी कार से निकलने लगे तो उनको गेट के बाहर रोक लिया गया। चार लोग कार में चढ़ गए और गालीगलौज के बाद तमंचा सटाकर सात हजार रुपये छीन लिए। बाद में उन पर दबाव बनाने के लिए उनके खिलाफ छेड़खानी का मुकदमा दर्ज करवा दिया गया। उन्होंने तहरीर दी लेकिन पुलिस ने दबाव में रिपोर्ट नहीं दर्ज की। उन्होंने चेतावनी दी है कि एफआईआर नहीं लिखी गई तो वह कर्नलगंज थाने के सामने सोमवार से आमरण अनशन पर बैठेंगे।