उनकी फोटोग्राफ को एडिट करके एक महिला के साथ आपत्तिजनक स्थिति में दिखाया गया था। इन फोटोग्राफ को बाद में फेसबुक पर भी वायरल कर दिया गया। डॉ. द्विवेदी का आरोप है कि उनका भाई जिस युवती के साथ मिलकर उन्हें परेशान कर रहा है, वह फर्जी ढंग से उनकी बेटी होने का दावा कर रही है। जबकि वह उसे नहीं जानते न ही कभी मिले। वह उन्हें बदनाम करने के लिए खुद को उनकी बेटी कहती है।
फेसबुक पर फोटो वायरल होने के बाद डॉ. द्विवेदी ने अपने भाई से बात करने की कोशिश की तो उसने जान से मारने की धमकी दी। उन्होंने पुलिस में शिकायत दर्ज कराने का काफी प्रयास किया, लेकिन उनकी रिपोर्ट नहीं दर्ज की गई। बाद में उन्होंने न्यायालय की शरण ली। न्यायालय के आदेश पर धूमनगंज थाने में डॉक्टर द्विवेदी ने अपने भाई दिनेश और युवती के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस का कहना है कि मामला पारिवारिक है। दोनों पक्षों से पूछताछ के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।