फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Prayagraj : वाहनों में बढ़ता वीआईपी नंबरों का क्रेज...1.52 लाख रुपये में बिका-0001

Mon, 03 Nov 2025 01:25 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

स्टेटस सिंबल के लिए कई लोग महंगी गाड़ी खरीदने के साथ ही वीआईपी नंबर पर भी लाखों रुपये खर्च करने में गुरेज नहीं करते। यही कारण है कि प्रयागराज में भी वीआईपी नंबरों का क्रेज बढ़ता जा रहा है।
विज्ञापन
प्रयागराज में वाहनों में वीआईपी नंबर का क्रेज बढ़ा। - फोटो : अमर उजाला।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

स्टेटस सिंबल के लिए कई लोग महंगी गाड़ी खरीदने के साथ ही वीआईपी नंबर पर भी लाखों रुपये खर्च करने में गुरेज नहीं करते। यही कारण है कि प्रयागराज में भी वीआईपी नंबरों का क्रेज बढ़ता जा रहा है। दशहरे से लेकर दिवाली के बीच भी फैंसी (वीआईपी) नंबरों की होड़ देखने को मिली। इस दाैरान 0001 नंबर की बोली सबसे अधिक लगी, जो 1.52 लाख रुपये में बिका। इस दाैरान दस नंबरों की बिक्री से विभाग को आठ लाख रुपये की आमद हुई।

विज्ञापन


एआरटीओ प्रशासन राजीव चतुर्वेदी के अनुसार, वाहनों के लिए जब कोई नई सीरीज जारी होती है तो उसमें कई नंबर अंकों के हिसाब से फैंसी माने जाते हैं। इन्हें लोग बोली में शामिल होकर ऊंची कीमतों पर खरीदते हैं। इस वर्ष पर्व के मौके पर लोगों ने वीआईपी नंबरों को लेकर काफी उत्सुकता दिखाई है।

दशहरे से लेकर दिवाली के बीच करोड़ों रुपये की गाड़ियों के साथ लाखों रुपये के नंबरों की भी नीलामी हुई है। इनमें 0005, 0009, 4444, 9999 नंबर एक-एक लाख रुपये की कीमत पर नीलाम हुए हैं। इसके अलावा 0700, 0777, 0999, 1000 व 4400 सीरीज के नंबरों की बिक्री 50-50 हजार रुपये की कीमत पर हुई है। ऐसे में दशहरे से दिवाली के बीच फैंसी नंबरों की नीलामी से लाखों रुपये की आय हुई है।

विज्ञापन
विज्ञापन

वीआईपी नंबरों का यूं दिखा क्रेज

फैंसी नंबर सीरीज             कीमत
0001             1.52 लाख रुपये
0005             एक लाख रुपये
0009             एक लाख रुपये
4444             एक लाख रुपये
9999             एक लाख रुपये
0700             50 हजार रुपये
0777             50 हजार रुपये
0999             50 हजार रुपये
1000             50 हजार रुपये
4400             50 हजार रुपये

मनपसंद नाॅन फैंसी नंबर के लिए भी अदा करना होता है शुल्क

नॉन फैंसी नंबर हासिल करने के लिए भी चार पहिया वाहन चालकों को 5000 और दो पहिया वाहन चालकों को 1000 रुपये चुकाने पड़ते हैं। वहीं वीआईपी और फैंसी नंबर हासिल करने के लिए नीलामी प्रक्रिया में हिस्सा लेना होता है। ऊंची बोली लगाने वाले आवेदक को नंबर आवंटित कर दिया जाता है। शौक और वास्तु के हिसाब से लोगों में मनपसंद नंबरों का क्रेज बढ़ रहा है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें