इलाहाबाद हाईकोर्ट ने वाराणसी, शिवपुर के चांदमारी, बड़ा लालपुर निवासी ओम प्रकाश पांडेय को अवमानना नोटिस जारी किया है। उन पर अदालत से तथ्य छिपाकर आदेश प्राप्त करने का आरोप है। कोर्ट ने इस मामले में चार हफ्ते में कारण बताने का आदेश दिया है कि क्यों न उनके विरुद्ध अवमानना कार्यवाही की जाए। यह आदेश न्यायमूर्ति एमसी त्रिपाठी ने बृजेश कुमार पांडेय व अन्य की याचिका पर दिया है।
संपत्ति को लेकर पारिवारिक विवाद में याची के खिलाफ ओम प्रकाश पांडेय ने शिवपुर थाने में एफआईआर दर्ज कराई है। जिसके खिलाफ आरोपियों बृजेश कुमार पांडेय व अन्य ने याचिका दाखिल की। कोर्ट ने याची को 25 हजार रुपये जमा करने का निर्देश दिया और प्रकरण मिडिएशन सेंटर समझौते के लिए भेज दिया।
इस आदेश की जानकारी के बावजूद विपक्षी ने याचिका दायर की, जिसमें कोर्ट ने वाराणसी अधीनस्थ न्यायालय में विचाराधीन उसी मुकदमे को बिना स्थगन के सुनवाई कर निस्तारित करने का निर्देश दिया है। इसपर यह अवमानना याचिका दाखिल की गई है। याची अधिवक्ता का कहना है कि विपक्षी ने यह जानते हुए भी कि प्रकरण कोर्ट ने मिडिएशन सेंटर समझौते के लिए भेज दिया है।
तथ्य छिपाकर दूसरी याचिका दाखिल की और विचाराधीन आपराधिक मामले को शीघ्र निस्तारित करने का आदेश प्राप्त कर लिया है। कोर्ट को गुमराह कर लिया गया आदेश न्यायिक प्रक्रिया की अवहेलना है।