दो माह में दें हर्जाना
आयोग के अध्यक्ष मो.इब्राहिम, सदस्य प्रकाश चंद्र त्रिपाठी की बेंच ने सिविल लाइंस सिद्धि विनायक बिल्डिंग स्थित ब्लू डार्ट एक्सप्रेस लिमिटेड के प्रबंधक और लखनऊ-फैजाबाद रोड स्थित इंदिरानगर के ब्लू डार्ट एक्सप्रेस लि.के महाप्रबंधक के विरुद्ध 10 साल बाद फैसला सुनाया। आदेश दिया है कि दो माह में 910 रुपये मुआवजा और कोरियर डाक खोने की क्षति के रूप में 5000 (कुल 5910 रुपये) आठ फीसदी संग केस फाइल करने की तिथि से पीड़िता को भुगतान करें।
10 साल बाद सुनाया फैसला
पीड़िता ने 11 अप्रैल 2014 को जिला उपभोक्ता आयोग में केस फाइल किया था। आयोग ने 10 साल बाद केस में फैसला सुनाया। साथ ही आयोग ने यह भी सुनिश्चित किया कि मानसिक क्षतिपूर्ति के रूप में 5,000 रुपये और वाद खर्च के लिए 2,000 रुपये अतिरिक्त अदा करना होगा। वहीं, कंपनी ने पीड़िता की मांग को गलत ठहराया है।