इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अपने व्यवसायिक साझीदार को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोपी हाथरस के मिठाई कारोबारी रामेश्वर दयाल उर्फ राम्बो गुरु की सशर्त जमानत मंजूर कर दी है। कोर्ट ने याची पर मुकदमे की कार्यवाही में सहयोग करने और अनावश्यक तारीखें न लेने तथा सुनवाई पर अदालत में उपस्थित रहने की शर्त लगाई है। शर्तों के उल्लंघन पर उसकी जमानत निरस्त की जा सकेगी। रामेश्वर दयाल की जमानत अर्जी पर न्यायमूर्ति राहुल चतुर्वेदी ने सुनवाई की।
याची का कहना था कि उसके व्यवसायिक साझीदार रमेश चंद्र के पुत्र अश्वनी कुमार ने उस पर अपने पिता को खुदकुशी के लिए उकसाने का मुकदमा थाना हाथरस गेट में दर्ज कराया है। याची और उसके साझी के बीच जमीन की खरीद-फरोख्त और रुपयों के लेनदेन को लेकर विवाद था। जिसकी वजह से याची ने रमेश चंद्र के खिलाफ कई मुकदमे दर्ज कराए थे। आरोप है कि इसी से तंग आकर उसने खुदकुशी कर ली। याची का कहना था कि सिर्फ मुकदमा दर्ज कराने से किसी को आत्महत्या के लिए उकसाना नहीं माना जा सकता है। कोर्ट ने मामले के तथ्यों को देखते हुए याची की सशर्त जमानत मंजूर कर ली है।