छात्रनेताओं को मजिस्ट्रेट के समक्ष रखना है अपना पक्ष
अब छात्र नेताओं को अपना नगर मजिस्ट्रेट के कार्यालय में उपस्थित होकर अपना पक्ष रखना है। छात्र नेताओं का आरोप है कि जिला प्रशासन ने विश्वविद्यालय प्रशासन के दबाव में आकर यह कार्रवाई की है। छात्र नेताओं ने इसके खिलाफ उच्च न्यायालय की शरण में जाने का निर्णय लिया है।
इसके अलावा छात्र नेता बृहस्पतिवार को एसएसपी से भी मिले और इस मामले में कर्नलगंज थाने में दर्ज मुकदमा वापस लिए जाने की मांग की। छात्र नेताओं का कहना है कि आंदोलन में हजारों छात्र शामिल थे। छात्र नेता अजय यादव ने बताया कि उनकी परीक्षा भी हो चुकी थी। वह अन्य छात्रों के लिए आंदोलन कर रहे थे। अगर आंदोलन के बाद समझौता हो गया था तो छात्र नेताओं पर एफआईआई दर्ज करना गलत है।