फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पूजी गईं कालरात्रि, गूंजे जयकारे 

Thu, 14 Apr 2016 01:09 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
विज्ञापन
नवरा‌‌त्र‌ि - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
विज्ञापन
चैत्र नवरात्र में बुधवार को भगवती के सातवें स्वरूप कालरात्रि देवी के पूजन-अर्चन को शहर के शक्तिपीठों में श्रद्धालुओं की और भीड़ जुटी। सुबह मंगला आरती के बाद से ही देवी के पूजन के लिए भक्तों का जुटना शुरू हो गया था। दोपहर में शृंगार के लिए कपाट बंद रहे पर शाम को शृंगार दर्शन के लिए फिर शक्तिपीठों में श्रद्धालुओं की कतारें लगीं। देवी के जयकारे गूंजे और विविध अनुष्ठान भी हुए।
विज्ञापन


 मीरापुर स्थित सिद्धपीठ ललिता देवी मंदिर में  मंगला आरती के साथ भक्तों की भीड़ उमड़ी। घंटा-घड़ियाल, शंख की मंगल ध्वनि के साथ त्रिपुर सुंदरी ललिता का कालरात्रि स्वरूप में पूजन अर्चन हुआ। मंदिर परिसर में कन्या पूजन, शतचंडी यज्ञ हुआ। कोलकाता से आए कलाकारों ने बहुरंगी फूलों और रत्न जड़ित आभूषणों से मनोहारी शृंगार किया। व्यवस्था में मंदिर समिति के अध्यक्ष हरिमोहन वर्मा, धीरज नागर, सुमित श्रीवास्तव आदि व्यस्त रहे। 

  कल्याणी देवी मंदिर में कल्याणी देवी के शृंगार दर्शन को श्रद्धालुओं का तांता लगा। शिव के ऊपर खड़ी चतुर्भुजी रूप में स्वर्ण, चांदी के आभूषणों और बहुरंगी फूलों से सजी देवी का मनोहारी शृंगार देख भक्त भाव विभोर होते रहे। अध्यक्ष सुशील पाठक, व्यवस्थापक श्याम जी पाठक की देखरेख में गर्भगृह को फलों एवं सब्जियों से सजाया गया। मंदिर परिसर में दुर्गा सप्तशती का पाठ, मुंडन छेदन कराने वालों का जमावड़ा लगा रहा है।
विज्ञापन


मुट्ठीगंज कालीबाड़ी में पुष्पांजलि के बाद विशेष हवन एवं पूजा अनुष्ठान हुआ। मां के रौद्र स्वरूप के दर्शन पूजन को बड़ी संख्या में श्रद्धालु ब्रह्म मुहूर्त में पहुंचे। पुष्पांजलि निशा आरती के लिए भक्तों की कतार लगी। हाईकोर्ट हनुमान मंदिर के अष्टभुजी मंदिर, हनुमत निकेतन के दुर्गा मंदिर,  कर्नलगंज व कटरा कालीबाड़ी, चौफटका, समियामाई सहित देवी के विभिन्न मंदिरों में  दुर्गा सप्तशती, शतचंडी के पाठ हुए।   

शक्तिपीठ अलोपीदेवी में पूजन-अर्चन को श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। ब्रह्म मुहूर्त से आरंभ हुआ पूजन-अर्चन का क्रम देर रात तक जारी रहा। निशान चढ़ाने वालों का तांता लगा रहा। प्रधान पुजारी शिवानंद पुरी ने निशाकाल में अलोपशंकरी का विशेष पूजन अर्चन किया।
 
चौक गंगादास स्थित खेमामाई मंदिर में पट खुलने के साथ ही भगवती के नवों स्वरूप के पूजन अर्चन को भक्तों का तांता लगा। घंटा-घड़ियाल शंखनाद के बीच पुजारी गिरीश अग्रवाल, शेकू की देखरेख में मंदिर के गर्भगृह और परिसर की सजावट की गई। पूजन और व्यवस्था में जुटीं पुजारिन कंचन ने महा आरती कराई। जयकारों से मंदिर परिसर गूंजता रहा। 

सिद्धेश्वरीगुप्त महापीठ में निशाकाल में तांत्रिक अनुष्ठान हुए। मंदिर के पीठाधीश्वर आचार्य कुशमुनि के निर्देशन में कालरात्रि, दशमहाविद्या की सातवीं देवी धूमावती की विशेष पूजा अर्चना हुई। कुशमुनि ने श्रद्धालुओं को मां कालरात्रि एवं धूमावती की महिमा के बारे में बताया। महिलाओं ने देवी चौरे पर मनौती का सिंदूर चढ़ाया। 

महेवा स्थित शीतला देवी मंदिर में देवी का लाल फूलों से मनोहारी शृंगार प्रधान पुजारी भोलाबाबा द्वारा किया गया। दर्शन पूजन करने को भक्तों की कतार लगी। भोला बाबा के मुताबिक शनिवार को देवी जागरण, कुष्ट रोगियों को वस्त्र वितरण एवं भंडारा होगा।  

मां के महागौरी स्वरूप का पूजन अर्चन बृहस्पतिवार को होगा। ललिता देवी मंदिर में मां के महागौरी स्वरूप का वैदिक मंत्रोच्चार के साथ पूजा अर्चना होगी। मंदिर रात भर दर्शन के लिए खुला रहेगा। अलोपशंकरी मंदिर में प्रधान पुजारी शिवानंद पुरी के सानिध्य में हवन पूजन का आयोजन है। 
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें