दुष्कर्म के आरोपों में घिरे घोसी से बसपा सांसद अतुल राय संसद में शपथ नहीं ले पाएंगे। जेल में बंद राय ने पुलिस अभिरक्षा में संसद भेजे जाने की अनुमति देने के लिए स्पेशलकोर्ट एमपीएमएलए में अर्जी दी थी।
जज डॉ. बालमुकुंद ने सुनवाई के बाद अनुमति देने से इंकार करते हुए अर्जी खारिज कर दी है। एडीजीसी राजेश गुप्ता, विशेष अधिवक्ता वीरेंद्र कुमार सिंह ने अर्जी का विरोध किया।
अदालत ने कहा कि इसी तरह का एक प्रार्थनापत्र अतुल राय की ओर से वाराणसी के मजिस्ट्रेट की अदालत में पूर्व में दिया गया था, जो कि खारिज कर दिया गया है। पुन: उसी आधार पर यह प्रार्थनापत्र दिया गया है, जो कि पोषणीय नहीं है।
अदालत ने कहा कि उस आदेश के विरुद्ध उच्च न्यायालय में याचिका प्रस्तुत की जानी चाहिए थी, जो नहीं की गई है। बिना किसी प्रावधान के अर्जी दी गई है, इसलिए यह पोषणीय नहीं है। अतुल राय वाराणसी के लंका थाने में दर्ज दुष्कर्म के मुकदमे में जेल में बंद हैं। उन पर पीड़िता को धोखे से अपने घर बुलाकर दुष्कर्म करने और वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने का आरोप है।
पीड़िता के बयान की तिथि नियत
स्पेशलकोर्ट एमपीएमएल ने पीड़ित का बयान दर्ज करने के लिए 16 दिसंबर की तिथि नियत की है। इस तारीख को पीड़िता को बयान के लिए उपस्थित होने का निर्देश दिया गया है। अतुल राय को भी बयान के दौरान जेल से अदालत में उपस्थित करने का आदेश दिया है।