नैनी के डभांव इलाके में 29 दिसंबर की रात भाजपा सांसद श्यामाचरण गुप्त के नाती सचिन सेन उर्फ गोल्डी पर हुए जानलेवा हमले की वजह अभी तक नहीं पता चल पाई है। यहां तक कि अभी घरवालों की तरफ से कोई लिखित तहरीर भी 30 दिसंबर की रात तक नहीं दी गई है। जिसकी वजह से इस घटना का अभी तक मुकदमा भी नहीं दर्ज हो पाया है। पुलिस का कहना है कि अभी तक न तो घरवाले और न ही घायल सचिन ने ही कुछ ऐसा घटनाक्रम बताया है कि जिससे हमलावरों के बारे में सुराग मिल सके।
घटना के दूसरे दिन दोबारा इंस्पेक्टर नैनी पंकज कुमार सिंह ने डभांव से लेकर आसपास के इलाकों में पूछताछ एवं छानबीन की। जिसमें यह कहा जा रहा है कि हमले की वजह वर्चश्व हो सकता है। गौरतलब है कि प्रयागराज के भाजपा सांसद श्यामाचरण गुप्त के भतीजी के बेटे गोल्डी उर्फ सचिन सेन को शनिवार देर शाम उनके घर पर स्थित जीएसटी सुविधा केंद्र में घुसकर हमलावरों ने गोली मार दी थी। सचिन उर्फ गोल्डी का शहर के एक प्राईवेट हास्पिटल में इलाज चल रहा है। वह खतरे से बाहर हैं।
सीओ करछना, बृज नारायण सिंह ने बताया कि, अभी घरवालों की तरफ से तो कोई वजह नहीं बताई गई है। पुलिस अपने अनुसार जांच कर रही है। कुछ तथ्य मिले हैं, जिनकी कड़ियों को आपस में जोड़ा जा रहा है। एक दो दिन में पूरे प्रकरण का खुलासा कर दिया जाएगा।