Ban on registration of e-rickshaws
प्रयागराज। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने संभागीय परिवहन प्राधिकरण वाराणसी द्वारा शहर में ई-रिक्शा का पंजीकरण बंद करने के आदेश पर रोक लगा दी है। इस आदेश की वैधता को चुनौती देते हुए हाईकोर्ट मेें याचिका दाखिल की गई है। कोर्ट ने राज्य सरकार और परिवहन निगम से तीन सप्ताह में जवाब मांगा है और अथॉरिटी के 27 जुलाई 18 के आदेश के क्रियान्वयन पर रोक लगा दी है। यह आदेश न्यायमूर्ति पंकज मित्तल तथा न्यायमूर्ति सरल श्रीवास्तव की खंडपीठ ने ई व्हेकिल डीलर्स एसोसिएशन की याचिका पर दिया है।
याचिका पर अधिवक्ता एचएल पांडेय और निर्विकल्प पांडेय ने बहस की। याची का कहना है कि वाराणसी शहर की यातायात व्यवस्था दुरुस्त रखने के नाम पर ई रिक्शा के पंजीकरण पर रोक लगा दी गई है। ऐसा प्रस्ताव करने का संभागीय परिवहन प्राधिकरण का क्षेत्राधिकार नहीं है। पंजीकरण पर प्रतिबंध नहीं लगाया जा सकता है। कोर्ट ने विपक्षियों से जवाब मांगते हुए ई-रिक्शा के पंजीकरण पर लगे प्रतिबंध पर रोक लगा दी है।