एक माह पहले बेची गई प्रॉपर्टी की बिक्री से हुए मुनाफे के पैसे के बंटवारे के विवाद को लेकर अजहरुद्दीन उर्फ अजहर की हत्या की गई थी। आरोपियों ने सोमवार सुबह झूंसी थाने में सरेंडर कर दिया। पुलिस ने उनकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त दो पिस्टल और कारतूस बरामद किया है। आरोपियों ने रविवार को वीडियो वायरल कर घटना को अंजाम देने व सरेंडर किए जाने की बात कही थी।
महेवा पूरब पट्टी निवासी अजहरुद्दीन (38) पुत्र बदरुद्दीन उर्फ बुद्धु प्रॉपर्टी डीलर था। वह महेवा निवासी अरविंद भारतीया व बृजेश निषाद के साथ प्रॉपर्टी का काम करता था। अजहरुद्दीन रविवार दोपहर मड़ौका रोड लगन गेस्ट हाउस के पास अरविंद के कार्यालय में गया था। वहां उसकी गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। मामले में मृतक के भाई अलाउद्दीन ने नैनी थाने में अरविंद भारतीय व बृजेश निषाद के खिलाफ नामजद व दो अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी।
घटना के बाद मौके पर पहुंचे सहायक पुलिस आयुक्त अजय पाल, डीसीपी यमुनानगर विवेक चंद्र यादव, एसीपी करछना सुनील कुमार सिंह सहित एसओजी ने घटनास्थल व आसपास लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज की जांच की थी।
घटना के बाद आरोपी जिस कार से भागे थे उसे जब्त करते हुए आरोपियों की तलाश के लिए टीम गठित की गई थी। सोमवार सुबह आरोपियों ने झूंसी थाने में सरेंडर कर दिया। यह सूचना मिलने पर डीसीपी यमुनानगर, एसीपी करछना, नैनी पुलिस व एसओजी झूंसी थाने पहुंचे और आरोपियों से पूछताछ की।
आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि एक प्रॉपटी के बिक्री के बाद उससे हुए मुनाफे के पैसे के बंटवारे को लेकर विवाद चल रहा था। मुनाफे का पैसा लाखों में था जिसे लेकर अजहर विवाद कर रहा था। सुबह भी इसी को लेकर विवाद हुआ था।
दोपहर में अजहर को हिसाब करने के लिए ऑफिस बुलाया था लेकिन विवाद बढ़ने पर उसकी हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने नामजद आरोपी बृजेश निषाद, अरविंद भारतीया, भूपेंद्र भारतीया व प्रिंस भारतीया को गिरफ्तार किया है। उनकी निशानदेही पर टीम ने दो पिस्टल व कारतूस बरामद की है। एसीपी करछना सुनील कुमार सिंह ने बताया कि नामजद व अज्ञात आरोपियों को झूंसी से गिरफ्तार कर लिया गया है। प्राॅपर्टी की बिक्री के बाद मुनाफे के पैसे के बंटवारे के विवाद में हत्या की गई थी। दो पिस्टल व कारतूस भी बरामद की गई है।
सरेंडर किए जाने का दूसरा वीडियो वायरल
अजहरुद्दीन हत्याकांड में सोमवार को दूसरा वीडियो वायरल हो रहा है। यह वीडियो भी रविवार को घटना के बाद आरोपियों की ओर से अतरसुइया थाने में पहुंचने के बाद का है। सोमवार को वायरल दूसरे वीडियो को रॉकी महेवा उर्फ प्रिंस नामक युवक ने वायरल किया है। इसमें रॉकी बता रहा कि अजहर अरविंद के ऑफिस में आया था और विवाद कर रहा था। इस दौरान अजहर ने उसे तमाचा मारा था। फिर उसने तमंचा निकल लिया। इसके बाद उसने उसका तमंचा छीनकर फायर कर दिया इससे अजहरुद्दीन की मौत हो गई। हालांकि, वायरल वीडियो के बारे में पुलिस ने जानकारी से इन्कार किया है।
पैसे को लेकर सुुबह भी हो चुका था विवाद
अजहरुद्दीन और उसके पार्टनर के बीच पैसे के बंटवारे को लेकर रविवार सुबह भी विवाद हुआ था। विवाद अरविंद के कार्यालय के पास स्थित एक प्रॉपर्टी का था, जिसे अजहरुद्दीन और उसके पार्टनर ने खरीदा था लेकिन बाद में उस प्रॉपर्टी के बिकने के बाद उसका पूरा हिस्सा उसे नहीं दिया गया था। उक्त प्रॉपर्टी में अजहर ने 15 लाख रुपये लगाए थे। इसी बात को लेकर रविवार सुबह भी अजहरुद्दीन और उसके पार्टनर के बीच विवाद हुआ था।
आरोपियों के परिजनों के साथ रिश्तेदारों को रात में पुलिस ले आई थी थाने
वीडियो वायरल करने के बाद सक्रिय हुई पुलिस आरोपियों के परिजनों और रिश्तेदारों को रात में ही थाने ले आई थी। बृजेश महेवा का रहने वाला था, जबकि अरविंद मूल रूप से सरायइनायत थाना क्षेत्र के किसी गांव का रहने वाला है। घटना के बाद सभी एक ही कार में कही फरार हो गए थे। वायरल वीडियो में अरविंद, बृजेश के साथ दो अन्य व्यक्ति उपेंद्र व रॉकी महेवा है। रॉकी पास में कार धुलाई का सेंटर चलाता है और उपेंद्र भी उसी के साथ रहता है।