प्रयागराज। इलाहाबाद विश्वविद्यालय की ओर से अनुशासनहीनता के आरोप में पहले से ही निलंबित छात्रसंघ के उपाण्ध्यक्ष अखिलेश यादव पर एक बार फिर से विवि परिसर में अमर्यादित आचरण करने का आरोप लगा है। अखिलेश यादव पर आरोप है कि उन्होंने बुधवार को डीएसडब्ल्यू कार्यालय आकर दिव्यांग प्रवेशार्थियों के लिए आयोजित चिकित्सकीय परीक्षण बोर्ड की प्रक्रिया को बाधिक किया। दोबारा शाम 4.45 बजे आकर अधिष्ठाता छात्र कल्याण एवं उपस्थित शिक्षकों के साथ अमर्यादित आचरण किया। परास्नातक कक्षा में प्रवेश के लिए दबाव डाला। इस संबंध में प्रॉक्टर प्रो. राम सेवक दुबे की ओर से विवि की ओर से कर्नलगंज थाने में तहरीर की बात कही गई। देर रात तक कर्नलगंज थाने को विवि की ओर से कोई रिपोर्ट नहीं मिली थी। इस बारे में अखिलेश यादव का कहना है कि वह खेल कोटे के प्रवेश में विवि के शिक्षकों की ओर से हो रही मनमानी का विरोध करने गए थे। उन्होंने कहा कि विवि के शिक्षक खेल कोटे के चयन में गड़बड़ी कर रहे हैं चयन के मानकों का उपयोग नहीं कर रहे। अखिलेश यादव पर पूर्व में विवि प्रशासन की ओर से विवि में प्रवेश पर रोक लगाई है।