इलाहाबाद हाईकोर्ट ने भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) के मैनेजर कृष्ण कुमार को आत्महत्या के लिए उकसाने की आरोपी पत्नी नेहा प्रकाश और ससुरालवालों की गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है। साथ ही सरकार से तीन हफ्ते में जबाव तलब किया है।
यह आदेश न्यायमूर्ति राजीव गुप्ता और न्यायमूर्ति हरवीर सिंह की खंडपीठ ने दिया है। मामला प्रयागराज के कैंट थाना क्षेत्र का है। बिहार के पाटलिपुत्र निवासी कृष्ण कुमार एफसीआई में मैनेजर थे। कैंट क्षेत्र में रहकर कटरा में ड्यूटी करते थे। उन्होंने मैसूर निवासी नेहा से कई साल पहले प्रेम विवाह किया था। मई में कृष्ण कुमार ने आत्महत्या कर ली थी।
घटना के बाद कृष्ण कुमार के पिता रामबहादुर महतो ने बहू नेहा प्रकाश, उसकी मां विंदुवाला सिन्हा, पिता सत्य प्रकाश और बहन श्रेया प्रकाश के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। आरोप लगाया कि नेहा प्रकाश वीडियो कॉल और वायस कॉल पर कृष्ण कुमार को परेशान करती थी। झूठे मुकदमे में फंसाकर जेल भेजने की धमकी देती थी। इससे परेशान होकर बेटे कृष्ण कुमार ने आत्मघाती कदम उठाया था।
मुकदमा दर्ज होने के बाद पुलिस ने नेहा को हिरासत में लेकर रिमांड मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया था। मजिस्ट्रेट की अदालत ने पुलिस की रिमांड अर्जी खारिज कर दी थी। इसके बाद नेहा व उसके परिवार ने गिरफ्तारी से बचने के लिए हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था।