An online search Customer Care number, one million taken away from the account
ऑनलाइन खोजा कस्टमर केयर नंबर, किया
कॉल और खाते से निकल ले गए एक लाख
0 शिक्षिका को साइबर जालसाजों ने लगाई चपत
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। धूमनगंज की सुनीता को ऑनलाइन कस्टमर केयर नंबर खोजना महंगा पड़ गया। साइबर जालसाजों ने उनको बातों में उलझाकर उनके खाते से एक लाख रुपये उड़ा दिए और रकम अपने ऑनलाइन वॉलेट के जरिए ट्रांसफर कर ली। भुक्तभोगी की तहरीर पर पुलिस ने तीन मोबाइल धारकों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है।
बमरौली के बेगम बाजार निवासी सुनीता ओझा एक प्राइवेट स्कूल में शिक्षिका हैं। उन्होंने पुलिस को बताया कि कुछ दिन पहले गूगल-पे के जरिए उन्होंने कुछ पैसे ट्रांसफर किए थे, लेकिन पैसा ट्रांसफर नहीं हुआ। इस पर उन्होंने 6 जुलाई को गूगल में कस्टमर केयर नंबर खोजा। गूगल में उनको 180 की डिजिट से शुरू होने वाले नंबर मिले। इसे गूगल-पे का कस्टमर केयर नंबर समझकर उन्होंने उस पर कॉल किया। बात करने वाले ने पैसा वापस पाने के लिए एक एप इंस्टाल करने को कहा। सुनीता ने वैसा ही किया। उसमें कुछ जानकारियां भरनी थी। भुक्तभोगी के मुताबिक डिटेल देने के कुछ देर बाद ही उनके खाते से एक लाख रुपये निकाल लिए गए। पैसा निकालने से परेशान सुनीता बैंक पहुंचीं, लेकिन वहां कोई मदद नहीं मिली। इसके बाद सुनीता ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। सुनीता के मुताबिक जिस नंबर से उसने बात की वह अभी भी चल रहा है। उसने इन नंबरों के बारे में पुलिस को बताया है। पुलिस मामले की पड़ताल कर रही है।
एसबीआई के रिटायर्ड मैनेजर के खाते से निकाल ले गए रूपये
प्रयागराज। शातिर जालसाज ने एसबीआई बैंक के रिटायर्ड मैनेजर को भी नहीं बक्शा। एसबीआई से रिटायर्ड अनंत स्वरूप झूंसी में रहते हैं। 29 जून को उन्होंने झूंसी योजना तीन में स्थित एटीएम बूथ से पैसे निकाले। उनका कहना है उस समय एक युवक बूथ के भीतर मौजूद था। इसके बाद एक जुलाई को कर्नलगंज स्थित एटीएम से 35 हजार रुपये निकाल लिए गए। पता करने पर मालूम चला कि 20 हजार रुपये नकद निकाले गए, जबकि 15 हजार रुपये ऑनलाइन खाते में ट्रांसफर कर लिए गए। यह खाता रानीगंज, प्रतापगढ़ शाखा से संचालित हो रहा है। भुक्तभोगी ने कर्नलगंज थाने में अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस आरोपी की तलाश कर रही है।