फल मक्खी कीट अमरूद को नुकसान पहुंचाते हैं। बारिश में लगने वाले कीड़े ठंड में भी अमरूद को प्रभावित कर रहे हैं। फेरोमोन ट्रैप के जरिए कीड़े अमरुद तक पहुंचने से रोके जा सकते हैं। खुसरो बाग स्थित औद्योगिक प्रयोग और प्रशिक्षण केंद्र में इसका प्रयोग किया जा रहा है। लेकिन, इसको लेकर किसानों में जागरुकता नहीं होने की वजह से उनके अमरूद तक कीड़ों की पहुंच हो जाती है। - विजय किशोर सिंह, प्रभारी-उद्यान, राजकीय उद्यान, खुसरोबाग, प्रयागराज
अमरूदों को कीड़े से बचाने के लिए बैगिंग तकनीक का भी इस्तेमाल किया जाता है। पेड़ों पर बैग लग जाने से अमरूदों को कीड़ों से बचाया जा सकता है। - डॉ. केके श्रीवास्तव, प्रधान वैज्ञानिक, केंद्रीय उपोष्ण बागवानी संस्थान, लखनऊ
साल 2025-26 के दौरान प्रयागराज में 1500 हेक्टेयर में 29250 मिट्रिक टन अमरूदों का उत्पादन हो रहा है। क्लाइमेट चेंज की वजह से ठंड के इन दिनों में भी अमरूदों में कीड़े लग रहे हैं। - सौरभ श्रीवास्तव, जिला उद्यान अधिकारी
करीब तीन साल पहले अमरूदों को बचाने के लिए चला था अभियान
खुसरोबाग स्थित राजकीय उद्यान के प्रभारी-उद्यान विजय किशोर सिंह ने बताया कि पेड़ पर लगे रहने के दौरान से ही अमरूदों में कीड़े लगने की समस्या पिछले कुछ साल के दौरान तेजी से बढ़ी है। करीब तीन साल पहले इलाहाबादी अमरूदों का उत्पादन कम होने और उनमें कीड़े लगने की समस्या के चलते अमर उजाला की ओर से अभियान चलाया गया था। इसके बाद तत्कालीन मंडलायुक्त संजय गोयल ने देशभर से वैज्ञानिकों को बुलाया था। उत्पादन बढ़ाने और कीड़ों से बचाने की तकनीक अपनाई गई। साथ ही बागवानी करने वाले कई लोगों को प्रशिक्षित भी किया गया था।