यह आदेश न्यायमूर्ति सुनीत कुमार और न्यायमूर्ति विक्रम डी चौहान की खंडपीठ ने लालचंद की याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया है। इसके पहले कोर्ट के सामने एक पक्ष के अधिवक्ता सुधीर दीक्षित की ओर से पूरक हलफनामा प्रस्तुत किया गया।
गोहरी हत्याकांड के मामले में सीबीआई जांच की मांग को लेकर दाखिल याचिका में मंगलवार को सरकार ने कोर्ट ने बताया कि उसने जांच के लिए एसआईटी का गठन कर दिया है, लेकिन याची की ओर से इस पर असन्तुष्टि जताई और सीबीआई की मांग दोहराई गई। इस पर कोर्ट ने सरकार से हलफनामे पर जवाब दाखिल करने को कहा है।
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यह आदेश न्यायमूर्ति सुनीत कुमार और न्यायमूर्ति विक्रम डी चौहान की खंडपीठ ने लालचंद की याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया है। इसके पहले कोर्ट के सामने एक पक्ष के अधिवक्ता सुधीर दीक्षित की ओर से पूरक हलफनामा प्रस्तुत किया गया। कोर्ट ने मामले को रिकॉर्ड पर लेते हुए सरकार से मामले में जानकारी मांगी।
सरकारी अधिवक्ता ने कोर्ट को बताया कि मामले में जांच के लिए एसआईटी का गठन कर दिया है, लेकिन याची पक्ष की ओर गलत बताया गया। कहा गया कि मामले में अभी ऐसा कुछ नहीं हुआ है। इसीलिए अभी तक कोई ठोस करवाई नहीं नजर नहीं आ रही है। इस पर कोर्ट ने सरकार से मामले में हलफनामे पर जवाब दाखिल करने को कहा है। मामले की सुनवाई दो फरवरी को होगी।