इलाहाबाद हाइकोर्ट ने सीएए, एनआरसी और एनपीआर के विरोध में प्रयागराज में संविधान विरोधी पम्फलेट बाँटने के आरोपियों को राहत देते हुए उनकी गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है।
हालांकि कोर्ट ने याचीगण अहमद अली इमाम अटाला मस्जिद व मुस्लिम नेता सुहेबुर रहमान के खिलाफ करेली थाने में दर्ज प्राथमिकी रद्द करने से इनकार कर दिया है। मगर आरोप पत्र दाखिल होने तक याचीगण की गिरफ्तारी नहीं करने का निर्देश दिया है। यह आदेश न्यायमूर्ति बच्चूलाल एवं सुभाष चंद्र शर्मा ने याचिककर्ता के वकील सैयद अहमद नसीम को सुनकर दिया है।
यह था पूरा मामला
थाना अध्यक्ष करेली प्रयागराज ने छ मार्च को थाना करेली में राजद्रोह कीधारा 124 ए, राष्ट्रीय एकता बिगाड़ने के प्रयास की धारा 153बी आईपीसी में एफआईआर दर्ज कराई की महाबीर चौराहे के पास उन्हें एक पम्फलेट मिला जिसमे अमन पसंद नागरिकों से अपील के नाम पर सीएए, एनआरसी, एनपीआर के विरुद्ध मंसूर पार्क में चल रहे धरना प्रदर्शन में सभी से सहयोग देने एवं केंद्र सरकार को हिलाने जैसी बातें लिखी थीं, जिसमें राष्ट्रीय अखंडता पर प्रभाव डालने वाली एवम राजद्रोह से संबंधित शब्दों एवम वाक्यों का प्रयोग किया गया है।
बाद में 12 मार्च को फ़ज़ल खान पार्षद एवम सुहेबुर रहमान को मुखबिर के बताने पर गिरफ्तार किया गया । तथा फ़ज़ल खान की गिरफ्तारी पर 23 मार्च को अहमद अली,शोएब अंसारी,तनवीर एवम इफ्तेखार को आरोपी बनाया गया था,फ़ज़ल खान को 6 माह बाद उच्च न्यायालय से जमानत मिली गई थी।