छात्रसंघ बहाली के लिए परिसर में इकट्ठा हुए सैकड़ों छात्र
इविवि प्रशासन का दावा, शांति के नाम पर फैलाई अशांति
प्रयागराज, 30 सितंबर। इलाहाबाद विश्वविद्यालय (इविवि) में छात्रसंघ बहाली की मांग को लेकर छात्रों ने सोमवार को विश्वविद्यालय परिसर में शांति मार्च निकाला। इस दौरान सैकड़ों छात्र इकट्ठा रहे। वहीं, इविवि प्रशासन का दावा है कि शांति मार्च निकालने वालों ने परिसर में भारी अशांति फैलाई। इविवि प्रशासन की ओर से डीएम-एससपी को पत्र भेजकर परिसर की सुरक्षा बढ़ाए जाने का अनुरोध किया गया है।
शांति मार्च छात्रसंघ भवन से शुरू होकर कुलानुशासक कार्यालय होते हुए कुलपति के पुराने कार्यालय तक गया। इस दौरान छात्रों ने शपथ ली कि छात्रसंघ बहाली के लिए वे अहिंसात्मक आंदोलन जारी रखेंगे। मार्च में शामिल तमाम छात्रों ने हाथों में गुलाब के फूल ले रखे थे। छात्रों ने इविवि प्रशासन के कुछ प्रतिनिधियों को फूल भेंट भी किए। शांति मार्च वापस छात्रसंघ भवन पर समाप्त हुआ और इसक बाद आम सभा हुई। संयुक्त संघर्ष समिति के संयोजक अतेंद्र सिंह ने कहा कि इविवि प्रशासन एवं जिला प्रशासन आज के शांति मार्च के बाद आश्वस्त हो गया होगा कि हम इतनी ताकत के बाद भी अहिंसा के प्रति कितने कटिबद्ध हैं।
मार्च में पूर्व अध्यक्ष भूपेंद्र यादव, निर्भय द्विवेदी, रजनीश सिंह रिशु, सत्यम सिंह, शिवम सिंह, आशाीषा यादव आदि मौजूद रहे। उधर, इविवि के चीफ प्रॉक्टर प्रो. रामसेवक दुबे एवं डीएसडब्ल्यू प्रो. हर्ष कुमार ने डीएम और एसएसपी को पत्र लिखकर बताया है कि शांति मार्च के नाम पर तकरीबन दो सौ लोगों का हुजूम इविवि परिसर में हंगामा, नारेबाजी और गाली गलौज करता हुआ 45 मिनट तक दौड़ता रहा। पत्र में कुछ छात्र नेताओं के नाम लिए गए हैं और आरोप लगाया गया है कि इनके नेतृत्व में परिसर में अशांति फैलाई गई, जिससे कक्षाओं का संचालन बाधित रहा। पत्र में कहा गया है कि भीड़ में चंद जाने-पहचाने चेहरों के अलावा बाकी बाहरी और गैर छात्र थे।
पुलिस की कार्रवाई से भड़के पूर्व अध्यक्ष
प्रयागराज, 30 सितंबर। इलाहाबाद विश्वविद्यालय में सोमवार को हुई छात्रसंघ के पूर्व अध्यक्षों ने बैठक कर कहा कि पुलिस ने जिस तरह से तरह अहिंसा के रास्ते पर चल रहे छात्रों को बलपूर्वक आमरण अनशन से उठाया, वह निंदनीय है। पूर्व अध्यक्षों ने चेतावनी दी कि अगर अहिंसा के तटबंधों की उपेक्षा की गई तो छात्र विकल्पहीन होकर उग्र आंदोन के लिए बाध्य होंगे, जिसके लिए इलाहाबाद विश्वविद्यालय प्रशासन जिम्मेदार होगा। कहा कि छात्रसंघ बहाली को किसी भी हाल में टाला नहीं जा सकता। बैठक में पूर्व अध्यक्ष श्याम कृष्ण पांडेय,सतीश अग्रवाल, विनोद चंद्र दुबे, राकेश धर त्रिपाठी, केके राय, कृषमूर्ति यादव, दिनेश यादव, ऋचा सिंह, रोहित मिश्र, अवनीश यादव, उदय प्रकाश यादव उपस्थित रहे।