सूबे के विश्वविद्यालयों और कालेजों की परीक्षा में नकल की जुगत में बैठे लोगों की मुश्किलें बढ़ने जा रही हैं। इस पर अंकुश लगाने के लिए स्वयं राज्यपाल की ओर से पहल की गई है। मंगलवार को उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में शामिल होने आए राज्यपाल रामनाईक ने कहा कि उनका अगला लक्ष्य उच्च शिक्षण संस्थानों में नकल विहीन परीक्षा कराना है। कहा कि उच्च शिक्षा में सुधार के लिए उन्होंने लक्ष्य निर्धारित किए हैं।
प्रत्येक संस्थान में हर साल दीक्षांत समारोह के आयोजन का लक्ष्य पूरा होने जा रहा है। समारोह में अध्यक्षीय संबोधन में राज्यपाल ने कहा कि इस साल मार्च तक कुल 23 विश्वविद्यालयों में दीक्षांत समारोह होने हैं।
मुक्त विश्वविद्यालय 17वां संस्थान हैं जिसके दीक्षांत समारोह में वह इस साल शामिल हुए। उन्हाेंने बताया कि इसी क्रम में नकलविहीन परीक्षा उनका अगला लक्ष्य है। उन्होंने कहा कि कुछ कालेजों में दबंग कुलपति को भी भीतर नहीं जाने देते। ऐसे लोगों पर नियंत्रण के लिए सरकार से कहा गया है। सभी को उच्च शिक्षा सुलभ कराने के लिए उन्हाेंने मुक्त विश्वविद्यालय की उपयोगिता बताई। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति से वह बात करेंगे कि मुक्त विश्वविद्यालयों की भी रैंकिंग की जाए और उसके अनुसार उनकी मदद की जाए। पदक विजेताआें में महिलाओं की भागीदारी बढ़ने को सकारात्मक बदलाव बताया। उन्होंने उपाधि पाने वालों को नसीहत दी कि जीवन स्पर्धा का है। इसे समझते हुए आगे बढ़ें। जेएनयू में छिड़े जंग पर उन्होंने टिप्पणी से इंकार कर दिया।