इलाहाबाद विश्वविद्यालय प्रशासन के सिर्फ ऑनलाइन प्रवेश परीक्षा कराने के फैसले का विरोध तेज हो गया है। ऑफलाइन प्रवेश परीक्षा का विकल्प दिए जाने की मांग को लेकर शुरू आंदोलन में छात्र-छात्राओं के अलावा कई सामाजिक संगठन और अफसर भी शामिल हो गए हैं।
छात्र नेता अक्षय भट्ट की ओर से बुधवार को कुलपति दफ्तर पर धरना की घोषणा की गई है। इसकी तैयारियों के मद्देनजर सोमवार को छात्रसंघ भवन पर हुई बैठक में छात्रसंघ उपाध्यक्ष विक्रांत सिंह, चंदन सिंह, रजनीश सिंह ऋषू, अनिल सिंह, आनंद सिंह, अजीत विधायक, नवदिव्य कुमार मंगलम, अविनाश दुबे समेत अनेक छात्र शामिल हुए।
छात्राें का कहना था कि सिर्फ ऑनलाइन प्रवेश परीक्षा कराने का फैसला ग्रामीण, दलित, कमजोर और संसाधन विहीन छात्र-छात्राओं के साथ खिलवाड़ है। धरना के समर्थन में मंगलवार को माइक मीटिंग, पर्चा बंटवाने आदि का अभियान चलेगा। विक्रांत का कहना था कि धरना में सभी पदाधिकारी शामिल होंगे। अक्षय का कहना था कि धरना में पूर्व मंडलायुक्त बादल चटर्जी, हॉस्टल की छात्राएं, अग्निशिखा मंच से जुड़ी महिलाएं, प्रतियोगी छात्र मोर्चा, प्रतियोगी छात्र संघर्ष समिति, जयहिंद फाउंडेशन, समाजसेवी सुनील चौधरी, कई ग्राम प्रधान आदि शामिल होंगे। छात्रसंघ अध्यक्ष ऋचा सिंह ने भी विश्वविद्यालय प्रशासन के इस फैसले छात्र विरोधी बताया है। उन्होंने इसके विरोध की बात कहीञ
एचआरडी राज्यमंत्री को सौंपेंगे ज्ञापन
छात्रों के एक समूह की ओर से 10 फरवरी को युवा गौरव सम्मान एवं व्याख्यान का आयोजन किया गया है। संयोजक पवन उपाध्याय ने बताया कि इलाहाबाद विश्वविद्यालय के सीनेट हाल में आयोजित होने वाले इस समारोह में मानव संसाधन विकास राज्यमंत्री डॉ.रमाशंकर कठेरिया, नेपाल के राजदूत दीप कुमार आदि शामिल होंगे। ऑनलाइन प्रवेश परीक्षा का विरोध कर रहे छात्रों ने राज्यमंत्री को ज्ञापन देने की घोषणा की है
ऑनलाइन प्रवेश परीक्षा का भी समर्थन शुरू
विरोध के बीच छात्रों के एक गुट ने विश्वविद्यालय के सभी पाठ्यक्रमों में दाखिले के लिए ऑनलाइन प्रवेश परीक्षा कराने के फैसले का स्वागत किया है। हालैंड हाल छात्रावास में सोमवार को हुई बैठक में छात्रों का कहना था कि डिजिटल इंडिया के युग में विश्वविद्यालय प्रशासन के इस फैसले का विरोध गलत है। उन्होंने अपील की कि विद्यार्थी प्रगतिशील प्रक्रिया में बाधक न बनें। बैठक में धर्म प्रकाश द्विवेदी, शिवशंकर चौधरी, अमित सिंह, प्रदीप तिवारी, इंतियाज आलम आदि मौजूद रहे।