इलाहाबाद के पास कालका मेल के दो हिस्से में बंटने के छह दिन बाद अब पीएम मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी को जाने वाली शिवगंगा एक्सप्रेस चलते-चलते दो हिस्से में बंट गई। राहत रही कि ने कोई हादसा हुआ न ही कोई हताहत हुआ। हालांकि इस वजह से ट्रेन घंटे भर से ज्यादा देर तक खड़ी रही। ट्रेन सवार नाराज यात्रियों ने भदोही जिले के ऊंज पर खूब हंगामा भी किया। बाद में एक मालगाड़ी का इंजन मौके पर भेजा गया। इसके बाद ही ट्रेन वाराणसी के लिए रवाना हो सकी।
नई दिल्ली से मंडुआडीह जाने वाली गाड़ी संख्या 12560 शिवगंगा एक्सप्रेस का इलाहाबाद से रात 3.45 की बजाय तीन घंटे की देरी से सुबह 6.45 बजे सोमवार को चली। पूर्वोत्तर रेलवे के इलाहाबाद सिटी-वाराणसी रूट पर अचानक उसके डीजल इंजन की कपलिंग में खराबी आने से तेज आवाज आने लगी। बताया जा रहा है भदोही जिले की ऊंज सीमा पर मुंगरहा गांव के समीप नौ बजकर पांच मिनट पर कपलिंग टूटने से इंजन बोगियों से अलग हो गया। तेज रफ्तार की वजह से बोगियां बिना इंजन के ही कई मीटर तक दौड़ती रहीं।
बाद में चालक मोहन सिंह इंजन लेकर जंगीगंज स्टेशन पहुंचे और स्टेशन मास्टर को इसकी जानकारी दी। स्टेशन मास्टर ने ट्रेन को लाने के लिए वहां खड़ी मालगाड़ी का इंजन भेजा। करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद इंजन को बोगी से जोड़ा गया। इस दौरान 70 मिनट तक ट्रेन वहीं खड़ी रही। इसका असर इस रूट पर चलने वाली अन्य ट्रेनों पर भी पड़ा। इसमें इलाहाबाद-वाराणसी पैसेंजर, डाउन विभूति एक्सप्रेस, पवन एक्सप्रेस और स्वतंत्रता संग्राम सेनानी एक्सप्रेस समेत अन्य ट्रेनें विलंबित हो गईं। उधर, गड़बड़ी के कारण यात्री हंगामा करने लगे। उनका आरोप था कि इलाहाबाद से यहां तक आने में इंजन तीन बार बोगियों से अलग हुआ।
कुछ यात्रियों ने ऊंज में उतरकर वाराणसी के लिए बस पकड़ ली। जंगीगंज स्टेशन मास्टर यूके तिवारी और चालक मोहन सिंह ने बताया कि इंजन को बोगियों से जोड़ने वाली कपलिंग में खराबी आने के कारण रैक इंजन से अलग हो गई थी।
‘कपलिंग टूटने की बात गलत है। कपलिंग ठीक से न जुड़ने की वजह से आवाज आ रही थी। बाद में चालक ने गाड़ी को रोक कर उसे ठीक करने की कोशिश की किंतु कपलिंग ठीक नहीं हो सकी तो उसे खोल दिया गया। दूसरा इंजन लगा कर ट्रेन को वाराणसी के लिए रवाना किया गया। इस वजह से ट्रेन अपने तय समय से 70 मिनट विलंबित रही।
अशोक कुमार, पीआरओ
पूवोत्तर रेलवे वाराणसी मंडल।’