ज्योतिष्पीठाधीश्वर की हैसियत से स्वामी वासुदेवानंद को माघ मेला में जमीन न दिए जाने पर कुछ संतों ने भी नाराजगी जताई है। उन्होंने शनिवार को काली मार्ग स्थित स्वामी हरिचैतन्य ब्रह्मचारी के शिविर में बैठक कर निर्णय लिया कि अगर वासुदेवानंद को बतौर ज्योतिष्पीठाधीश्वर जमीन और सुविधाएं नहीं दी जाती हैं तो पौष पूर्णिमा स्नान का बहिष्कार किया जाएगा। यह भी चेतावनी दी कि अगर उनकी मांग नहीं मानी गई तो पूरे मेले का बहिष्कार करेंगे।
अध्यक्षता करते हुए काशी सुमेरूपीठाधीश्वर स्वामी नरेंद्रानंद सरस्वती ने कहा कि मेला प्रशासन ने स्वामी वासुदेवानंद सरस्वती को मिलने वाली भूमि और सुविधाएं न देकर न्याय एवं धर्म विरुद्ध कार्य किया है। बैठक में आनंदेश्वर गिरि, योगेश्वरानंद गिरि, स्वामी हरिचैतन्य ब्रह्मचारी, माघ मेला संस्था संरक्षण समिति के अध्यक्ष फूल चंद्र द्विवेदी, विहिप के मुकेश, श्याम सूरत पांडेय आदि ने विचार व्यक्त किया। बैठक में चौंधियर नवयुवक एसोसिएशन के अध्यक्ष विजय कुमार निषाद परिवर्तन संस्था के अध्यक्ष मोनू गुप्ता सहित कई संस्थाओं के पदाधिकारी उपस्थित रहे।