जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए शुक्रवार को नामांकन होगा। नामांकन प्रक्रिया से ठीक एक दिन पहले बृहस्पतिवार को सपा नेता शिखा सिंह ने नामांकन पत्र खरीदकर पार्टी में हलचल मचा दी है। सपा ने अधिकृत तौर पर रेखा सिंह को जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए प्रत्याशी घोषित किया है। ऐसे में अचानक शिखा सिंह का नाम सामने आ जाने से समीकरण बिगड़ता नजर आ रहा है। हालांकि जब तक नामांकन प्रक्रिया पूरी नहीं हो जाती है, तब तक स्थिति स्पष्ट नहीं हो सकेगी। अब देखना है कि नामांकन पत्र खरीदने वाली शिखा पर्चा दाखिल करती हैं या नहीं।
अब तक चार प्रत्याशियों ने नामांकन पत्र खरीदा है। इनमें सपा प्रत्याशी रेखा सिंह समेत केशरी देवी पटेल, बबिता सिंह और शिखा सिंह शामिल हैं। बृहस्पतिवार को नामांकन पत्रों की बिक्री का आखिरी दिन था। अचानक सपा नेता शिखा सिंह के नाम से नामांकन फार्म खरीदा गया तो समाजवादी पार्टी में हलचल मच गई। शिखा सिंह मेजा क्षेत्र से जिला पंचायत सदस्य पद का चुनाव जीती हैं। पार्टी सूत्रों के मुताबिक उन्हें पूर्व सांसद रेवती रमण सिंह का समर्थन था। ऐसे में अचानक उनका नाम सामने आ जाने से पार्टी में उलटफेर की आशंका बन गई है और यह बात भी स्पष्ट हो गई है कि रेखा सिंह को लगातार दूसरी बार सपा का प्रत्याशी बनाए जाने से पार्टी के भीतर असंतोष की स्थिति है।
फिलहाल सबको शुक्रवार का इंतजार है। नामांकन प्रक्रिया के बाद ही तय होगा कि मैदान में कितने प्रत्याशी हैं। नामांकन शुक्रवार सुबह 11 से अपराह्न तीन बजे तक चलेगा और उसके ठीक बाद नामांकन पत्रों की जांच शुरू हो जाएगी। चार जनवरी को सुबह 11 से अपराह्न तीन बजे तक नाम वापसी, सात जनवरी को सुबह 11 से अपराह्न तीन बजे तक मतगणना और उसके बाद कार्य की समाप्ति तक मतगणना कराई जाएगी। सभी प्रक्रिया जिला पंचायत परिसर में होगी। शांति व्यवस्था बरकरार रहे, इसके लिए डीएम ने तीन मजिस्ट्रेटों की तैनाती की है। सिटी मजिस्ट्रेट राम भरत तिवारी को पर्यवेक्षणीय मजिस्ट्रेट बनाया गया है। एसडीएम मेजा आशीष कुमार मिश्र को नामांकन कक्ष और एसडीएम फूलपुर राजकुमार द्विवेदी को प्रवेश द्वार पर लगाया गया है।