25 फरवरी को पेश होने वाले रेल बजट में इलाहाबाद से मुगलसराय के बीच तीसरी लाइन बिछाने के प्रस्ताव को रेल मंत्रालय हरी झंडी दिखा सकता है। रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा ने इस बात के संकेत भी दिए हैं। बता दें कि इलाहाबाद से मुगलसराय रेलखंड देश का सबसे ज्यादा व्यस्त रूट है। यहां ट्रेनों की ज्यादा आवाजाही के चलते तीसरी लाइन बनाने का प्रस्ताव पिछले साल ही उत्तर मध्य रेलवे ने बोर्ड को भेज दिया था।
बीते कुछ सालों के दौरान दिल्ली-कानपुर-इलाहाबाद-मुगलसराय रेलखंड पर ट्रेनों की संख्या काफी बढ़ गई है। रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने भी माना है कि इलाहाबाद-मुगलसराय रेलखंड में ट्रेनों की खासी आवाजाही है। बता दें इलाहाबाद-मुगलसराय रेलखंड में क्षमता से अधिक ट्रेनों का संचालन हो रहा है। इस वजह से इस खंड पर चलने वाली ट्रेनों की लेटलतीफी भी लगातार बढ़ी है। इसी समस्या को देखते हुए एनसीआर प्रशासन ने जोन में अतिरिक्त रेल लाइन बिछाने की तैयारी की है। इसमें इलाहाबाद-मुगलसराय रूट प्रमुख रूप से शामिल है। क्योंकि दिल्ली-हावड़ा रेलखंड पर सर्वाधिक ट्रेनें इसी रेलखंड पर चलती है।
एनसीआर महाप्रबंधक अरुण सक्सेना के निर्देश पर पिछले साल एनसीआर प्रशासन ने यहां थर्ड लाइन बनाने का प्रस्ताव रेलवे बोर्ड को भेजा। इसकी कुल लागत 2380 करोड़ रुपये है। 23 सितंबर 2015 को इसकी डीपीआर (डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट) भी भेज दी गई है। बताया जा रहा है कि इस बार के रेल बजट में रेल मंत्रालय इस प्रोजेक्ट को हरी झंडी दिखा सकता है। इस रेलखंड पर इलाहाबाद में यमुना नदी पर डबल लेन का पुल बनाने की भी तैयारी है।