अध्यक्ष ने बताया कि बैठक में पूर्व उपाध्यक्ष जय नारायण पांडेय को सदस्य सचिव पद पर नामित किया गया है। उन्होंने अपना कार्यभार ग्रहण कर लिया है। इस दौरान उन्होंने वित्तिय रिकॉर्ड भी प्रस्तुत किए। बताया कि बार काउंसिल के गठन के बाद से अब तक कुल 14 करोड़, 67 लाख, 23 हजार रुपये अधिवक्ता हितकारी समिति के द्वारा बीमार अधिवक्ताओं को दिया गया है।
उत्तर प्रदेश बार कौंसिल के नए अध्यक्ष शिव कुमार गौड़ ने कहा कि अधिवक्ताओं को सीओपी नवीनीकरण शुल्क पांच सौ रुपये की बजाय 250 रुपये देना होगा। इस संबंध में उनके द्वार अध्यक्ष का पदभार ग्रहण करने के बाद ही सदन की बैठक हुई और नवीनीकरण शुल्क को 50 फीसदी घटा दिया गया। नए अध्यक्ष मंगलवार को उत्तर प्रदेश के बार काउंसिल के कार्यालय में मीडिया से मुखातिब थे।
अध्यक्ष ने बताया कि बैठक में पूर्व उपाध्यक्ष जय नारायण पांडेय को सदस्य सचिव पद पर नामित किया गया है। उन्होंने अपना कार्यभार ग्रहण कर लिया है। इस दौरान उन्होंने वित्तिय रिकॉर्ड भी प्रस्तुत किए। बताया कि बार काउंसिल के गठन के बाद से अब तक कुल 14 करोड़, 67 लाख, 23 हजार रुपये अधिवक्ता हितकारी समिति के द्वारा बीमार अधिवक्ताओं को दिया गया है।
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पांच करोड़, 25 लाख, 65 हजार रुपये कोरोना पीडि़त अधिवक्ताओं को, 15 करोड़, 65 लाख रुपये अधिवक्ता वृद्धावस्था मृत्यु दावा योजना के अंतर्गत खर्च किया गया है। इसके अलावा 10 करोड़, 58 लाख, 18 हजार, 953 रुपये कोरोना काल में पीडि़त अधिवक्ताओं को उनके बार संघ केजरिए 21 अगस्त को जारी की गई है।
नए अध्यक्ष ने यह भी कहा कि आपराधिक कार्यों में लिप्त अधिवक्ताओं की सूची तैयार की जा रही है। उन्हें चिन्हित करने के बाद विधिक कार्यवाही की जाएगी। उन्होंने अधिवक्ताओं से संयम बरतने की भी नसीहत दी। इस मौके पर उपाध्यक्ष अनुराग पांडेय, सचिव जय नारायण पांडेय मौजूद रहे।