प्रो. राजेंद्र सिंह (रज्जू भइया) राज्य विश्वविद्यालय की एक मई से शुरू होने वालीं स्नातक व परास्नातक पाठ्यक्रमों की सेमेस्टर एवं वार्षिक परीक्षाओं के लिए पंजीकृत अभ्यर्थियों के प्रवेश पत्र इस बार क्यूआर कोड वाले होंगे। साथ ही केंद्र व्यवस्थावकों, कक्ष निरीक्षकों व अन्य कर्मचारियों को ई-पहचान पत्र जारी किए जाएंगे।
प्रयागराज, कौशाम्बी, प्रतापगढ़ व फतेहपुर में राज्य विवि से संबद्ध 703 महाविद्यालयों के तकरीबन पांच लाख छात्र-छात्राएं परीक्षाओं के लिए पंजीकृत हैं। राज्य विवि पहली इन सभी परीक्षार्थियों के लिए क्यूआर कोड वाले प्रवेश पत्र जारी करने जा रहा है। वहीं, संबद्ध महाविद्यालयों के सभी केंद्र व्यवस्थापकों, कक्ष निरीक्षकों व परीक्षा ड्यूटी करने वाले अन्य कर्मचारियों को ऑनलाइन परिचय पत्र जारी किया जाएगा। उनके परिचय पत्र भी क्यूआर कोड वाले होंगे।
राज्य विश्वविद्यालय की परीक्षा समिति ने यह निर्णय भी लिया है कि इस बार प्रोफेशनल व पीजी पाठ्यक्रमों की परीक्षाएं वित्तविहीन निजी महाविद्यालयों में नहीं कराई जाएंगी। इन पाठ्यक्रमों के लिए अशासकीय सहायता प्राप्त (एडेड) महाविद्यालयों और राजकीय महाविद्यालयों को परीक्षा केंद्र बनाया जाएगा। वित्तविहीन कॉलेजाें में स्नातक पाठ्यक्रमों की परीक्षाएं होंगी। राज्य विवि के कुलपति प्रो. अखिलेश कुमार सिंह ने बताया कि क्यूआर कोड वाले प्रवेश पत्र व परिचय पत्र पहली बार जारी किए जाएंगे।
परीक्षा के दौरान निरीक्षण टीमें क्यूआर कोड को स्कैन कर आसानी से पता लगा सकेंगी कि प्रवेश पत्र व परिचय पत्र फर्जी तो नहीं हैं। इससे परीक्षाओं में होने वाली गड़बड़ियों पर काफी हद तक लगाम लगाई जा सकेगी। कुलपति ने बताया कि परीक्षाओं के लिए 125 केंद्र बनाए गए हैं। 29 मई को परीक्षाएं पूरी हो जाएंगी।