स्मार्ट मीटर के नाम पर हो रही कथित लूट, गलत बिलिंग, बिजली कटौती और प्रीपेड मीटर की अनिवार्यता के विरोध में आम आदमी पार्टी ने विद्युत उपकेंद्र पर प्रदर्शन किया। स्मार्ट मीटर को डिजिटल लूट बताते हुए सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
जिलाध्यक्ष सर्वेश यादव ने कहा कि उत्तर प्रदेश में स्मार्ट मीटर योजना पूरी तरह से फेल हो चुकी है और यह अब जनता को राहत देने के बजाय आर्थिक शोषण का माध्यम बन गई है। उन्होंने कहा कि स्मार्ट मीटर इतने “स्मार्ट” हो गए हैं कि बैलेंस खत्म होते ही तुरंत बिजली काट देते हैं, लेकिन रिचार्ज के बाद भी 2 से 12 घंटे तक बिजली बहाल नहीं होती। यह व्यवस्था न केवल तकनीकी रूप से विफल है, बल्कि सरकार की नीयत पर भी गंभीर सवाल खड़े करती है।
अब तक लगभग 78 से 80 लाख स्मार्ट मीटर लगाए जा चुके हैं, जिनमें से करीब 70 लाख प्रीपेड मीटर हैं। लाखों उपभोक्ता गलत बिलिंग, तेजी से बैलेंस खत्म होने और बिजली कटौती से परेशान हैं। कई मामलों में जहां पहले ₹1500 तक का बिजली बिल आता था, वह अब बढ़कर ₹6000–7000 तक पहुंच रहा है। उन्होंने कहा कि यह सीधा-सीधा जनता की जेब पर हमला है।
काशी प्रांत अध्यक्ष पवन तिवारी, जिला महासचिव सौरव पटेल, प्रदीप श्रीवास्तव, पूनम सिंह, मोहम्मद अजमल, अमित यादव, नीतू कनौजिया, रेणुका राय, मित्र कैथवास, रविंद्र श्रीवास्तव, अरुण कुशवाहा, शशि चंद्र, अर्पित साहू, विभाकर भट्ट, जाहिद हीरो, दीपाली मालवीय, कप्तान पटेल, रावेंद्र पांडे, सुधाकर द्विवेदी, जटाशंकर सिंह पटेल, मुकेश जायसवाल,मनीष यादव, मोहम्मद रईस, आदि साथी मौजूद रहे।