इलाहाबाद (ब्यूरो)। अखिल भारतीय कायस्थ महासभा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की दो दिवसीय बैठक शनिवार को केपी कम्यूनिटी सेंटर में शुरू हुई। प्रदेशों की संगठनात्मक स्थिति का अवलोकन किया गया। साथ ही विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य करने वाले पांच लोगों को सम्मानित भी किया गया। सांस्कृतिक कार्यक्रम भी हुए।
बैठक में मुख्य अतिथि न्यायमूर्ति शंभूनाथ श्रीवास्तव ने कहा कि देश विषम परिस्थिति से गुजर रहा है। ऐसे में हमारा दायित्व है कि सामाजिक और राष्ट्रीय एकता को सुदृढ़ बनाया जाए। इसके लिए व्यक्तिगत और सामूहिक रूप से प्रयास करना होगा। कहा कि वर्तमान परिस्थिति में कायस्थों का दायित्व और बढ़ गया है। आरक्षण की भूमिका से घबराने की जरूरत नहीं है। कलम के साथ हम व्यवसाय की ओर उन्मुख हों, जिससे समाज को नई दिशा मिले। विशिष्ट अतिथि भाजपा के राष्ट्रीय सचिव सिद्धार्थ नाथ सिंह ने कहा कि हमें देश के नवजागरण का लाभ उठाना है। स्वागत समिति के चेयरमैन एवं केपी ट्रस्ट के अध्यक्ष चौधरी राघवेंद्र नाथ सिंह ने कहा कि अच्छा समय आने वाला है, लेकिन हमें इसके लिए प्रयासरत रहना है।
महासभा के उपाध्यक्ष एवं पूर्व महापौर चौधरी जितेंद्र नाथ सिंह ने कहा कि संगठन से ही समाज और देश का विकास हो सकता है। इस अवसर पर चौधरी अमरनाथ सिंह, गोपाल दास सिन्हा, गोविंद श्रीवास्तव, डॉ. राजलक्ष्मी वर्मा, प्रो. राधाकांत वर्मा को सम्मानित किया गया। बैठक की अध्यक्षता महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष कैलाश नारायण सारंग तथा संचालन निर्मल शंकर श्रीवास्तव ने किया। अभिनंदन समारोह का संचालन आनंद श्रीवास्तव ने किया। सांस्कृतिक कार्यक्रम का संयोजन नवीन सिन्हा एवं संचालन सुधा बहादुर ने किया। बैठक में 13 प्रदेशों के 115 प्रतिनिधियों के साथ अरुण सक्सेना, एसडी कौटिल्य, हनुमान प्रसाद श्रीवास्तव, अनिल श्रीवास्तव, अशोक श्रीवास्तव रवि श्रीवास्तव आदि बड़ी संख्या में बिरादरी के लोग शामिल थे।