इलाहाबाद। शहर से लखनऊ और प्रतापगढ़ की ओर जाने वाले लोगों की बड़ी समस्या खत्म होने के दिन करीब है। बालसन चौराहा से लेकर मलाक हरहर तिराहा तक सड़क को फोरलेन बनाने की नए सिरे से तैयारी की जा रही है। पीडब्ल्यूडी का एनएच खंड इसकी विस्तृत कार्ययोजना बना रहा है। उम्मीद है कि अगले वित्तीय वर्ष में इस परियोजना के लिए केंद्र सरकार से धन मिल सकता है।
लखनऊ, फैजाबाद, प्रतापगढ़, सुल्तानपुर, रायबरेली, उन्नाव जाने वाले लोगों को तेलियरगंज, फाफामऊ, गंगा पुल, समेत कई स्थानों पर आए दिन जाम की समस्या से जूझना पड़ता है। इलाहाबाद-लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग को फोरलेन किया जा रहा है। लेकिन राजमार्ग का क्षेत्र मलाह हरहर तक ही है ऐसे में मलाक हरहर से लेकर तेलियरगंज तक आए दिन जाम लगा रहता है। लेकिन अब समस्या से निजात मिलने वाली है। कारण कि पीडब्ल्यूडी का राजमार्ग खंड बालसन चौराहे से लेकर मलाक हरहर तक इसे फोरलेन करने पर नए सिरे से प्रस्ताव तैयार कर रहा है। ज्ञात हो कि महाकुंभ से पहले भी सर्वे कर विस्तृत प्रस्ताव तैयार केंद्र सरकार को भेजा गया था लेकिन योजना परवान नही चढ़ सकी। ऐसे में अब इस पर नए सिरे से विचार विमर्श किया जा रहा है। फोरलेन योजना पर काम शुरू होने में वक्त लग सकता है ऐसे में जाम की गंभीर स्थिति को देखते हुए एक अन्य वैकल्पिक प्रस्ताव शासन को भेजा चुका है। इसके तहत मौजूदा सात मीटर चौड़ी सड़क को दस मीटर किया जाएगा। विभागीय अधिशासी अभियंता अतुल माहेश्वरी के मुताबिक इस संबंध मेें प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। बजट जारी होने के साथ ही अग्रिम कार्रवाई शुरू की जाएगी। वहीं विभागीय मुख्य अभियंता आरसी भारद्वाज का कहना है कि बालसन चौराहे से मलाक हरहर तक सड़क को फोरलेन किया जाना बेहद जरूरी है। मौजूदा गंगा पुल के समानंातर एक और पुल बनाने की योजना है। तमाम पहलुआें पर नए सिरे से विचार किया जा रहा है।