इलाहाबाद। हाईकोर्ट ने टीईटी में शामिल होने के लिए गलत आवेदन पत्र भरने वाले अभ्यर्थियों को राहत प्रदान की है। कोर्ट ने ऐसे अभ्यर्थियों को परीक्षा में बैठने की अनुमति देने का निर्देश दिया है, जिन्होंने मानवीय भूल के कारण आवेदन पत्र गलत कर दिए थे। प्रदेश सरकार से इस मामले में चार सप्ताह में जवाब देने का निर्देश दिया गया है। यह आदेश न्यायमूर्ति अमित बी स्थालकर ने सविता मिश्रा और तीन अन्य तथा चंद्र प्रभा वर्मा और अन्य की याचिकाओं पर दिया है। याचीगण का कहना था कि वह परीक्षा में बैठने के लिए अर्ह हैं परंतु आवेदन पत्र भरते समय कुछ मानवीय त्रुटियों के कारण उनके आवेदन निरस्त कर दिए गए हैं। कोर्ट ने इन अभ्यर्थियों को 27 और 28 जून को आयोजित हो रही परीक्षा में बैठने की अनुमति दे दी है मगर परीक्षा का परिणाम याचिका के अंतिम निर्णय पर निर्भर करेगा। याचियों की ओर से अधिवक्ता अमिताभ पटेल ने बहस की।