विश्व हिंदू परिषद (विहिप) का अंतर्राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनने के बाद पहली बार इलाहाबाद पहुंचे चंपत राय ने एक बार फिर सोमनाथ मंदिर की तर्ज पर कानून बनाकर अयोध्या में राममंदिर हिंदुओं को सौंपे जाने की बात कही। उन्होंने कहा कि वहां राममंदिर निर्माण का स्वप्न सिर्फ भारत में ही नहीं, बल्कि विश्व के तमाम देशों में रहने वाले हर एक हिंदू का है। कहा, अयोध्या में राममंदिर का निर्माण हो इसके लिए वहां 80 फीसदी पत्थर तराशे जा चुके हैं।
केसर भवन में रविवार को विहिप के धर्म रक्षा निधि अर्पण कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि पहुंचे चंपत राय ने कहा कि अयोध्या में राम मंदिर निर्माण का समय आ गया है। इसके पूर्व उन्होंने विहिप की स्थापना एवं उसके उद्देश्यों का भी जिक्र किया। कहा कि गोरक्षा, गंगा की निर्मलता, निरक्षरता, सामाजिक समरसता, धर्मांतरण बंद हो, पूर्वजों की घर वापसी, आदिवासियों को मुख्य धारा में लाना, वेदों का प्रचार-प्रसार, रामसेतु की रक्षा का आंदोलन आदि कार्य विहिप द्वारा किए जा रहे हैं। कहा, सत्ता आती है और चली जाती है, लेकिन विहिप के कार्य इससे नहीं रुकते। विहिप का जो एजेंडा पहले था, वह आज भी कायम है। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे उत्तर मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी गौरव कृष्ण बंसल ने कहा कि भारत वर्ष की अपनी एक सांस्कृतिक विरासत है। हर हिंदू को गर्व होना चाहिए कि हमारी संस्कृति आज भी सनातन संस्कृति ही है। इस अवसर पर विहिप प्रांत उपाध्यक्ष विनोद अग्रवाल, अजय गुप्ता, मुकेश, सुरेश अग्रवाल, डॉ. नरेंद्र कुमार सिंह गौर, विधायक हर्षवर्धन बाजपेयी, डॉ. एसके जैन, डॉ. नीरज अग्रवाल, डॉ. कृतिका अग्रवाल, विमल प्रकाश, पुनीत वर्मा, अश्विनी मिश्र आदि मौजूद रहे।