69 हजार सहायक अध्यापक भर्ती परीक्षा में शासन के स्पष्ट निर्देश के बाद भी परीक्षार्थियों के केंद्र नैनी, झूंसी एवं फाफामऊ के दूर-दराज क्षेत्र में बना दिए गए। ऐसे में परीक्षार्थियों की परेशानी बढ़ना तय है। छह जनवरी को होने वाली भर्ती परीक्षा में अकेले प्रयागराज में सबसे अधिक 52559 परीक्षार्थियों के लिए 105 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं।
कुंभ के चलते शहर जाम की स्थिति बनी ही रहती है। परीक्षा वाले दिन यदि जाम लगा तो दूरदराज इलाके में केंद्र होने से परीक्षा छूट भी सकती है। शासन की ओर से जारी सहायक अध्यापक भर्ती परीक्षा नियमावली में स्पष्ट कर दिया गया था कि परीक्षा केंद्र शहर से बाहर न बनाए जाएं। कहा गया था कि सीबीएसई और आईसीएसई से जुड़े विद्यालयों के साथ राजकीय एवं अशासकीय डिग्री कॉलेजों को भी केंद्र बनाया जाए।
शासन की ओर से दिशा-निर्देश के बाद भी स्थानीय अधिकारियों ने परीक्षा केंद्र शहर से बाहर नैनी, झूंसी के दूरदराज इलाके में बना दिए। वहीं परीक्षार्थियों का कहना है कि कुंभ मेले के चलते शहर में लगने वाले जाम और वाहनों को शहर से बाहर रोके जाने से परीक्षा केंद्रों तक पहुंचना कठिन होगा। जिला विद्यालय निरीक्षक की ओर से पूर्व में टीईटी के परीक्षा केंद्र तय करने में लापरवाही के चलते नैनी इलाके में ऐसे विद्यालयों को परीक्षा केंद्र बना दिया गया था, जहां पहुंचने के लिए सड़क तक नहीं थी। उस दौरान परीक्षार्थियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा था। े