फाफामऊ हवाई पट्टी पर शुक्रवार की सुबह वायुसेना के जांबाज योद्धा अपने हुनर का प्रदर्शन करेंगे। इस हवाई पट्टी पर तकरीबन 50 वर्ष बाद वायुसेना अभ्यास करने जा रही है। दिल्ली से चलकर एयरक्राफ्ट सी-130 सुबह नौ बजे हवाई पट्टी पर उतरेगा। पांच वर्ष पूर्व ही इस एयरक्राफ्ट को भारतीय सेना में शामिल किया गया है। इस दौरान इस एयरक्राफ्ट के बारे में भी बताया जाएगा।
इलाहाबाद में बम्हरौली के अलावा फाफामऊ में भी सेना की हवाई पट्टी है। फाफामऊ स्थित हवाई पट्टी का उपयोग द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान सेना ने किया था, उसके बाद इस पट्टी का ज्यादा प्रयोग नहीं किया गया। लेकिन अब सेना यहां तकरीबन 50 साल के बाद एक रिहर्सल करने जा रही है। इस दौरान बताया जाएगा कि मानवीय सहायता और आपात स्थिति में सेना किस तरह से कार्य करती है। यहां प्रिसिंपल मेडिकल ऑफिसर एयर कमोडोर बनर्जी आपातकालीन स्थिति में लोगों तक इस एयरक्राफ्ट के माध्यम से चिकित्सा सुविधा दिए जाने के बारे में बताएंगे। बता दें कि भारत में सी-130 एयरक्राफ्ट का उपयोग आपातकालीन स्थिति में राहत एवं बचाव कार्य में किया जाता है, जबकि अमेरिका में राहत एवं बचाव कार्य के साथ ही हवाई हमले में भी इसका इस्तेमाल होता है। सुबह यह एयरक्राफ्ट दिल्ली से उड़कर यहां नौ बजे लैंड करेगा।