समाज कल्याण विभाग की विभिन्न छात्रवृत्ति योजनाओं के लिए आवेदन करने वाले 40 फीसदी छात्र-छात्राओं को मायूसी मिली है। बजट नहीं होने की वजह से इन्हें छात्रवृत्ति नहीं मिल पाई। हालांकि अनुसूचित जाति के ज्यादातर पात्र विद्यार्थियों के खाते में छात्रवृत्ति गई है।
वित्तीय वर्ष 2018-19 के लिए दोनों योजनाओं के अंतर्गत छात्रवृत्ति के लाभार्थियों के खाते में राशि पहुंच चुकी है। जो बच गए हैं उन्हें इस सत्र में छात्रवृत्ति नहीं मिलेगी। ज्यादा निराशा सामान्य वर्ग के अभ्यर्थियों में है। दोनों ही योजनाओं में 40 फीसदी से अधिक पात्र विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति से वंचित होना पड़ा है।
कुल पंजीकृत छात्रवृत्ति मिल राशि
दशमोत्तर (लाख में)
67347 (एससी) 52299 5491.07
59536 (सामान्य) 35227 4586.25
000
कक्षा नौ एवं 10
20800 (एससी) 15836 417.46
8847 (सामान्य) करीब तीन हजार --