घाटों पर भी बढ़ाई गई सुरक्षा
गंगा किनारे स्थित प्रमुख घाटों जैसे सरस्वती घाट, दशाश्वमेध घाट, संगम और अरैल घाट आदि पर जल पुलिस की तैनाती कर दी गई है। जल पुलिस की टीमें मोटरबोट और सुरक्षा उपकरणों के साथ निरंतर निगरानी कर रही हैं। कांवड़ियों को सुरक्षित स्नान, जलभराव से बचाव और सुगम यात्रा की सुविधा मिल सके, इसके लिए प्रशासन की ओर से घाटों की सफाई के साथ ही यहां बैरिकेडिंग और लाइटिंग की व्यवस्था भी कराई जा रही है।
वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी के साथ अतिरिक्त बल की मांग
पुलिस कमिश्नरेट की ओर से बताया गया कि सुरक्षा व्यवस्था की निरंतर निगरानी वरिष्ठ अधिकारी स्वयं करेंगे। समय-समय पर निरीक्षण, गश्त और चेकिंग की जाएगी। इसके साथ ही अतिरिक्त पुलिस बल की मांग भी की गई है, जिसे आगामी दिनों में तैनात किया जाएगा।
निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था के मुख्य बिंदु
- सोमवार देर रात हुई बैठक में सुरक्षा को लेकर दिए गए निर्देश।
- 41 थाना क्षेत्रों में 250 से अधिक सीसीटीवी कैमरे लगेंगे।
- जल पुलिस की मोटरबोट के साथ घाटों पर विशेष तैनाती।
- सभी प्रमुख मार्गों पर बैरिकेडिंग होगी।
- डायल 112 के वाहन लगातार गश्त करेंगे।
- हर थाना प्रभारी के पास रहेगी अपने क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी।
- उच्चाधिकारियों की ओर से नियमित निरीक्षण और चेकिंग की जाएगी।