रमा सिंह आर्यकन्या डिग्री कॉलेज की नई प्राचार्य
0 महाविद्यालय के शिक्षकों का वेतन मिलने का रास्ता साफ
0 ईसीसी प्राचार्य के पद पर विवाद बरकरार, नहीं हुआ निर्णय
इलाहाबाद। आर्यकन्या डिग्री कॉलेज के प्राचार्य पद को लेकर चल रहा विवाद सोमवार को खत्म हो गया। डॉ. रमा सिंह को प्राचार्य पद की जिम्मेदारी सौंप दी गई और उन्होंने कार्यभार भी ग्रहण कर लिया। इसके साथ ही कॉलेज के शिक्षकों का वेतन मिलने का रास्ता भी साफ हो गया है। हालांकि ईसीसी के प्राचार्य पद को लेकर विवाद बना हुआ है और अब तक कोई निर्णय नहीं हो सका है।
आर्यकन्या डिग्री कॉलेज की प्राचार्य रहीं डॉ. उर्मिला श्रीवास्तव 11 जुलाई और ईसीसी के प्राचार्य डॉ. एम. मैसी 16 जुलाई को रिटायर हो चुके हैं। दोनों को 30 जून 2019 तक सेवा विस्तार मिल चुका है लेकिन यह लाभ शिक्षक के तौर पर दिया जाए या प्राचार्य के रूप में, इस पर असमंजस की स्थिति बनी हुई थी। इस मामले में आर्यकन्या डिग्री कॉलेज की गवर्निंग बॉडी ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय (इविवि) प्रशासन से स्थिति स्पष्ट करने की मांग की थी लेकिन इविवि प्रशासन ने गेंद कॉलेजों को पाले में डाल दी और रजिस्ट्रार की ओर से कॉलेजों की गवर्निंग बॉडी को पत्र भेजकर कहा गया कि नियमत: सेवा विस्तार दे दिया जाए लेकिन किस रूप में लाभ दिया जाए, यह गवर्निंग बॉडी तय करे।
प्राचार्य के पास प्रशासनिक अधिकार भी होते हैं। इस बीच इविवि ने दोनों कॉलेजों को छोड़ बाकी सभी संघटक महाविद्यालयों के शिक्षकों का वेतन जारी कर दिया। ऐसे में यह साफ हो गया कि इविवि प्रशासन दोनों को प्राचार्य मानने के लिए तैयार नहीं है। फिलहाल इन तमाम विवादों के बीच आर्य कन्या डिग्री कॉलेज की गवर्निंग बॉडी ने प्राचार्य पद की जिम्मेदारी रमा सिंह को सौंप दी है लेकिन ईसीसी के मामले में विवाद बना हुआ है। नवनियुक्त प्राचार्य डॉ. रमा सिंह ने कार्यभार ग्रहण करने के बाद शासी निकाय के चेयरपर्सन पंकज जायसवाल और सदस्यों एवं शिक्षिकाओं के साथ बैठक में महाविद्यालय के सतत विकास का संकल्प लिया।