यूपी बोर्ड: जांची गईं 20 फीसदी कॉपियां
प्रदेश के 230 केंद्रों पर एक लाख 24 हजार परीक्षक कर रहे मूल्यांकन
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। यूपी बोर्ड परीक्षा की कॉपियों का मूल्यांकन आठ मार्च से प्रदेश के 230 केंद्रों पर चल रहा है। टीजीटी परीक्षा होने के कारण पहले दो दिन 12 मंडल मुख्यालयों में मूल्यांकन कार्य प्रभावित रहा। टीजीटी परीक्षा पूरी होने के बाद 10 मार्च से अधिकांश जिलों में मूल्यांकन शुरू हुआ। 12 मार्च तक प्रदेश भर में 20 फीसदी से अधिक कॉपियां जांची जा चुकी हैं। यूपी बोर्ड सचिव नीना श्रीवास्तव ने बताया कि उम्मीद है समय से पहले कॉपियों का मूल्यांकन पूरा हो जाएगा।
यूपी बोर्ड की ओर से हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट की कुल तीन करोड़ 20 लाख कॉपियों के मूल्यांकन के लिए 15 दिन का लक्ष्य तय किया गया है। पहले चार दिन में 20 फीसदी कॉपियों के मूल्यांकन के बाद सचिव ने कहा कि अप्रैल के अंत तक हर हाल में परीक्षा परिणाम घोषित कर दिया जाएगा। सचिव ने बताया कि हाईस्कूल की कुल एक करोड़ 90 लाख कॉपियों के मूल्यांकन के लिए 79 हजार 64 परीक्षक और इंटरमीडिएट की एक करोड़ तीन लाख कॉपियों के लिए कुल 45 हजार 732 परीक्षकों की ड्यूटी लगाई गई है।
प्रयागराज में तीन दिन में 2.33 लाख कॉपियों का मूल्यांकन
0 जिले में उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड की आठ एवं नौ मार्च को टीजीटी परीक्षा होने के चलते पहले दो दिन मूल्यांकन नहीं हुआ, रविवार को शुरू हुए मूल्यांकन के पहले दिन मात्र 18875 कॉपी जांची गई। जबकि, सोमवार को कॉपी जांचने में तेजी आने के साथ 101716 कॉपी जांची गई, मंगलवार को तीसरे दिन 112784 कॉपी जांच दी गई। इस प्रकार जिले में मात्र तीन दिन में कुल 233375 कॉपी जांच दी गई। जिला विद्यालय निरीक्षक आरएन विश्वकर्मा ने बताया कि जिले में कुल 14.11 लाख कॉपी आई हैं, इसमें अब तक 2.33 लाख कॉपियों का मूल्यांकन पूरा हो गया है। इस प्रकार कुल 16.53 फीसदी कॉपियों का मूल्यांकन पूरा हो गया है।