नोट: फोटो भी है---
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पूर्ण स्वराज के लिए भ्रम को ब्रह्म में बदलना होगा
0 एसएस खन्ना में राष्ट्रीय सेमिनार में बोले कुलपति प्रो. आरसी सोबती
0 चीन से आईं प्रो. छाऊ ने कहा, तेजी से विकास कर रहे चीन-भारत
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद। एसएस खन्ना महिला महाविद्यालय में रविवार को वाणिज्य संकाय की ओर से ‘पूर्ण स्वराज’ पर राष्ट्रीय सेमिनार का आयोजन किया गया। इस का उद्घाटन डॉ. भीमराव अंबेडकर केंद्रीय विश्वविद्यालय, लखनऊ के कुलपति प्रो. आरसी सोबती ने किया। बतौर मुख्य अतिथि कहा कि स्वच्छता, स्वास्थ्य, राष्ट्र प्रेम हमारी भारतीय संस्कृति के प्राचीन काल से ही आधार स्तंभ रहे हैं।
उन्होंने कहा कि हम यथार्थ रूप से पूर्ण स्वराज को प्राप्त नहीं कर पाए हैं, क्योंकि हम आज ब्रह्म को भ्रम में बदल चुके हैं। पूर्ण स्वराज के लिए हमें भ्रम को ब्रह्म में बदलना होगा। वाईएम विश्वविद्यालय, चीन से आईं प्रो. छाऊ छेनुरी ने भारत-चीन संबंधों पर प्रकाश डालते हुए कहा है कि दोनों देश तेजी से विकास कर रहे हैं। दोनों देशों की संस्कृति, विचारों के आदान-प्रदान और बेहतर संबंध के लिए इन देशों की जनता को अनिवार्य रूप से एक-दूसरे के देश में आना-जाना होगा। इविवि में मोनिरबा के निदेशक डॉ. असीम मुखर्जी ने कीनोट प्रस्तुत किया और भारतीय समाज की समस्याओं, विशेषकर खाद्य समस्या एवं उसकी उपलब्धता और गुणवत्ता परक शिक्षा पर जोर दिया।
इससे पूर्व प्राचार्य डॉ. लालिमा सिंह, सेमिनार समन्वयक डॉ. नीरजा सिंह एवं डॉ. अल्पना अग्रवाल ने अतिथियों को स्मृति चिह्न एवं अंगवस्त्रम भेंट कर सम्मानित किया। दो सत्रों में आयोजित सेमिनार के दौरान पहले सत्र का विषय ‘स्वस्थ एवं स्वच्छ भारत’ और दूसरे सत्र का विषय ‘स्वावलंबी भारत’ रहा। पहले सत्र में यूपी एवं अन्य राज्यों से आए 40 शोध पत्र और दूसरे सत्र में 25 शोध पत्र पढ़े गए। पहले सत्र की अध्यक्षता डॉ. रवि मेहरोत्रा एवं संचालन डॉ. रचना आनंद गौड़ और दूसरे सत्र की अध्यक्षता प्रो. अवधेश झा एवं संचालन डॉ. मंजरी शुक्ला ने किया। इस मौके पर न्यायमूर्ति अरुण टंडन, राजीव खन्ना, डॉ. आशा सेठ, डॉ. सुमन सेठ, अमित खन्ना, डॉ. विकास सिंह, डॉ. रुचि गुप्ता, डॉ. मीना चतुर्वेदी, डॉ. शिवशंकर शुक्ला, डॉ. तनुश्री, डॉ. शिखा अग्रवाल आदि मौजूद रहीं।