सिपाही के बेटे की हत्या में आईजी से जवाब तलब
0 पीड़ित पिता ने हाईकोर्ट में लगाई गुहार, पुलिस पर केस दबाने का आरोप
इलाहाबाद। हाईकोर्ट ने धूमनगंज के अबूबकरपुर से अगवा किए गए सिपाही के बेटे की हत्या के मामले में आईजी रेंज इलाहाबाद से व्यक्तिगत हलफनामा मांगा है। कोर्ट ने आईजी को याचिका में उठाए गए सवालों पर बिंदुवार अपनी रिपोर्ट देने को कहा है। कोर्ट ने इस मामले की विवेचना में अबतक हुई प्रगति से भी अवगत कराने का निर्देश दिया है। पुल्लर सिंह की याचिका पर न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा और न्यायमूर्ति डीके सिंह की पीठ सुनवाई कर रही है।
याची पुलिस कांस्टेबल है और महोबा में तैनात है। उसका कहना है कि उसके बेटे सर्वेश सिंह को नौ मई को अगवा कर लिया गया तथा बाद में उसकी हत्या कर दी गई। इस मामले में उसने सुजीत उर्फ समीर तथा अन्य लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है। याचिका में आरोप है कि अभियुक्त सुजीत का भाई सबइंस्पेक्टर है तथा इलाहाबाद में ही तैनात है। इसकी वजह से पुलिस अभियुक्त को बचा रही है तथा जांच में लीपापोती की जा रही है। गुमशुदा सर्वेश सिंह के खून से सने कपड़े और बाल संगम क्षेत्र से बरामद हुए हैं। उसकी मांग के बावजूद पुलिस ने डीएनए टेस्ट के लिए नहीं भेजा। कोर्ट ने इस मामले में आईजी इलाहाबाद को आठ अगस्त तक व्यक्तिगत हलफनामा दाखिल कर सभी बिंदुओं पर जवाब देने का निर्देश दिया है।
घटनाक्रम के मुताबिक कौशांबी के एक कॉलेज से एलएलबी तृतीय वर्ष में पढ़ रहे छात्र सर्वेश सिंह को नौ मई को अगवा कर लिया गया था। परिजनों ने सर्वेश के दोस्त सुजीत पर हत्या का शक जताया। उसे नामजद किया गया है। वहीं पुलिस ने संगम के पास से सर्वेश के खून से सने कपड़े, चाकू और बाल बरामद किए हैं, मगर लाश नहीं मिली।