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मुक्त विश्वविद्यालय में जम्मू कश्मीर पर सेमिनार

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सर्जिकल स्ट्राइक से नहीं, बातचीत से निकलेगा हल
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0 जम्मू कश्मीर में आतंकवाद की समस्या पर बोले राज्य विवि के कुलपति प्रो. राजेंद्र प्रसाद
0 मुक्त विवि के वीसी प्रो. दुबे ने कहा, समाधान की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा भारत
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद।
इलाहाबाद राज्य विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. राजेंद्र प्रसाद का मानना है कि पाकिस्तान ने भारत के विरुद्ध प्रायोजित आतंकवाद को अपनी नीति के साधन के रूप में इस्तेमाल किया। सेना ने आतंकवाद को कुचलने के लिए सर्जिकल स्ट्राइक का सहारा लिया, लेकिन इसके बाद भी आतंकवाद थमा नहीं। प्रो. राजेंद्र के मुताबिक कश्मीर समस्या का हल सकारात्मक एवं आशावादी प्रयास के तहत बातचीत से ही निकल सकता है। वह शनिवार को राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय में आयोजित राष्ट्रीय संगोष्ठी में जम्मू कश्मीर में आतंकवाद की समस्या पर अपने विचार व्यक्त कर रहे थे।
‘जम्मू कश्मीर: वर्तमान सामाजिक-राजनीतिक संवाद एवं भविष्य की संभावनाएं’ विषय पर आयोजित राष्ट्रीय संगोष्ठी में उन्होंने कहा कि जम्मू कश्मीर कभी धरती का स्वर्ग था और आज उबलता हुआ कड़ाहा है। वहां हिजबुल मुजाहिद्दीन सबसे सक्रिय आतंकवादी संगठन है। यह संगठन भारतीय अस्मिता को सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचा रहा है। मुविवि के कुलपति प्रो. एमपी दुबे ने कहा कि जम्मू कश्मीर में आतंकवाद को समाप्त करना है तो इसके समाधान की दिशा में आगे बढ़ना चाहिए और भारत इस दिशा में लगातार तेजी से आगे बढ़ रहा है। प्रो. दुबे ने कहा कि जब तक जम्मू कश्मीर में लिबरेशन फ्रंट (जेकेएलएफ) सक्रिय था, तब तक यह समस्या राष्ट्रीय थी, लकिन जैश, हरकत, हिजबुल जैसे संगठनों के सक्रिय होने के बाद यह समस्या अंतर्राष्ट्रीय हो गई, क्योंकि इसमें आईएसआई भी शामिल हो गई।
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मुख्य वक्ता इविवि में राजनीति शास्त्र विभाग के प्रो. राजपाल बुधानिया ने वर्तमान में जम्मू कश्मीर के आतंकवाद को राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्रीय सुरक्षा एवं मानवता के लिए खतरा बताया। विशिष्ट अतिथि इविवि में रक्षा अध्ययन विभाग के प्रो. संजीव भदौरिया ने कहा कि भाईचारा एवं मानवता से ही आतंकवाद समाप्त होगा। संगोष्ठी का विषय प्रवर्तन समाज विज्ञान विद्याशाखा के प्रभारी प्रो. सुधांशु त्रिपाठी ने किया। संचालन डॉ. रामजी मिश्र एवं धन्यवाद ज्ञापन प्रो. जीएस शुक्ल ने किया।
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