प्रो.अनुपम की जगह प्रो.लहरी को डीन का चार्ज
ट्रिपलआईटी में पूर्व जूनियर रिसर्च फेलो की आत्महत्या के बाद घिरे प्रो.अग्रवाल
छात्रों ने लगाया परेशान करने का आरोप, छुट्टी पर गए, जांच कमेटी ने की पूछताछ
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद।
भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (ट्रिपलआईटी) में पूर्व जूनियर रिसर्च फेलो परमात्मा यादव की आत्महत्या के मामले में प्रोफेसर अनुपम अग्रवाल पर शिकंजा कसने लगा है। प्रो. अग्रवाल छुट्टी पर चले गए हैं। इसके बाद उन्हें डीन एकेडमिक एंड रिसर्च के पद से हटा दिया गया है। उनकी जगह प्रोफेसर तपोव्रत लहरी को चार्ज दिया गया है।
प्रोफेसर अनुपम अग्रवाल के अंडर में रिसर्च फेलो रहे परमात्मा यादव ने दो दिन पहले आत्महत्या कर ली थी। हालांकि परमात्मा के परिवार वालों की तरफ से कोई शिकायत नहीं की गई है, लेकिन अन्य छात्र-छात्राओं ने प्रो. अग्रवाल पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। विद्यार्थियों ने उन पर डॉक्यूमेंट रख लेने, परेशान करने आदि आरोप लगाए हैं। इस पर प्रो. यूएस तिवारी की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय फैक्ट फाइंडिंग कमेटी गठित कर दी गई, जो परमात्मा की आत्महत्या तथा छात्र-छात्राओं की शिकायतों के मद्देनजर जांच करेगी। कमेटी के सदस्यों ने बुधवार को विद्यार्थियों से पूछताछ भी की। हालांकि परमात्मा के परिवार वालों से अभी तक संपर्क नहीं हो पाया है। कमेटी शनिवार को रिपोर्ट सौंप सकती है।
इस घटनाक्रम के बीच प्रो. अग्रवाल भी छुट्टी पर चले गए हैं। इसके बाद उन्हें डीन एकेडमिक एंड रिसर्च के पद से हटा दिया गया। निदेशक प्रो. पी.नागभूषण का कहना है कि प्रो. अग्रवाल छुट्टी पर हैं। इसलिए उनकी जगह प्रो. तपोव्रत लहरी को डीन की जिम्मेदारी दी गई है। कमेटी को जल्द रिपोर्ट देने के लिए कहा गया है। उन्होंने बताया कि छात्र-छात्राओं से पूछताछ की जा रही है। परमात्मा के परिवार वालों ने अभी तक कोई शिकायत नहीं की है। उनसे अभी संपर्क भी नहीं हो सका है।
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प्रो.अनुपम को जान से मारने की धमकी
0 जूनियर रिसर्च फेलो की आत्महत्या के बाद विवादों में आए ट्रिपलआईटी के प्रो. अनुपम अग्रवाल को जान से मारने की धमकी मिली है। उन्हें फोन से अज्ञात ने धमकी दी। उन्होंने संस्थान प्रशासन को लिखित इसकी जानकारी दी। मोबाइल नंबर भी उपलब्ध कराया है। हालांकि संस्थान प्रशासन इस बारे में अधिकृत बयान देने से बच रहा है। प्रो. अनुपम का मोबाइल भी परिवार के अन्य सदस्य उठा रहे हैं। उन लोगों ने इस बारे में कुछ भी बताने से मना कर दिया।