रिश्वत लेने के आरोपी सीबीआई अधिकारी को राहत
0 हाईकोर्ट ने स्पेशल कोर्ट में सरेंडर के लिए एक माह की मोहलत दी
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। यमुना एक्सप्रेस-वे भूमि आवंटन घोटाले के आरोपी लेखपाल को बचाने के लिए 20 लाख रुपये घूस लेने के आरोपी सीबीआई के एएसआई सुनील दत्त को हाईकोर्ट ने मामूली राहत दी है। कोर्ट ने आरोपी को स्पेशल कोर्ट सीबीआई गाजियाबाद के समक्ष सरेंडर करने के लिए एक माह की मोहलत दी है। कोर्ट ने कहा है कि यदि वह समर्पण कर जमानत अर्जी प्रस्तुत करते हैं तो उसका शीघ्र निस्तारण किया जाए। यदि जमानत नहीं मंजूर होती है तो सीबीआई अगली कार्रवाई के लिए स्वतंत्र होगी।
सुनील दत्त की याचिका पर न्यायमूर्ति विपिन सिन्हा और न्यायमूर्ति अजीत सिंह की पीठ ने सुनवाई की। सीबीआई के अधिवक्ता ज्ञान प्रकाश का कहना था कि दो फरवरी 2018 को याची के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। आरोप है कि यमुना एक्सप्रेस-वे भूमि आवंटन में घोटाला करने के आरोपी पकड़े गए लेखपाल रणवीर सिंह और सीबीआई के इंस्पेक्टर वीरेंद्र सिंह राठौर को 20 लाख रुपये रिश्वत का आदान प्रदान करते रंगे हाथ पकड़ा गया। जबकि, याची एएसआई मौके से फरार हो गया था। सीबीआई टीम ने उसके घर पर छापा मारा तो उसके परिवार वालों ने टीम के सदस्यों को मारापीटा। पुलिस के हस्तक्षेप के बाद सीबीआई के अफसर उनके चंगुल से छूट पाए। इस घटना की भी प्राथमिकी उसके खिलाफ दर्ज कराई गई है। कोर्ट ने एक माह के लिए याची के खिलाफ उत्पीड़नात्मक कार्रवाई पर रोक लगाते हुए उसे सरेंडर करने और जमानत प्रार्थनापत्र प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है।