लॉकडाउन के दौरान नौकरी छूटने और ससुराल में जगह लेकर मकान बनाने से कर्ज में आए युवक ने बुधवार रात अपनी बहन से अंतिम राम राम बोलकर फंदे से लटकर जान दे दी। घटनास्थल पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
दिल्ली निवासी राधेलाल (28) पुत्र स्व. मोहन सिंह की शादी हरदुआगंज देहात गांव की गुड़िया पुत्री रामप्रसाद कुशवाहा के साथ हुई थी। राधेलाल दिल्ली में नौकरी करता था। ससुराल वालों के अनुसार कोरोना काल में राधेलाल की नौकरी चली गई थी। उसके बाद वह पत्नी को लेकर ससुराल हरदुआगंज देहात में आ गया था। गांव में थोड़ी जगह लेकर मकान बनवाना शुरू करा दिया। इस दौरान उस पर कई लोगों का कर्ज हो गया था। इससे अवसाद में आकर वह शराब पीने लगा।
बुधवार रात दस बजे राधेलाल ने गुुरुग्राम में रह रही अपनी बहन लक्ष्मी से राम राम बोलने की बात कहकर निर्माणाधीन मकान में फंदे से लटकर जान दे दी। बहन ने तुरंत अपनी भाभी गुड़िया को फोन कर राधेलाल द्वारा कही बात बताई। पत्नी और ससुराल वाले राधेलाल को खोजते हुए निर्माणाधीन मकान पर पहुंचे, जहां कमरे के अंदर फंदे पर उसका शव लटका हुआ था। सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।