बच्चों को मोबाइल का देना कितना खतरनाक हो सकती है, यह हाथरस के नगला खरग में देखने को मिला। कक्षा नौ की छात्रा से मोबाइल चलाने से मां ने मना किया तो उसने कमरे में जाकर फंदा लगा लिया।
मोबाइल फोन के प्रति बच्चों की दीवानगी किस कदर बढ़ रही है, इसकी बानगी 15 अप्रैल को कोतवाली हाथरस जंक्शन क्षेत्र के गांव नगला खरग में सामने आई। मां ने मोबाइल चलाने से मना किया तो कक्षा नौ की छात्रा ने फंदा लगा लिया। परिजन आनन-फानन उसे उतारकर अलीगढ़ ले गए। रास्ते में उसने दम तोड़ दिया।
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गांव नगला खरग निवासी खुशी (13) पुत्री राजपाल सिंह कक्षा नौ की छात्रा थी। उसके पिता का पूर्व में ही देहांत हो चुका है। उसकी मां मजदूरी करके अपने परिवार का पालन पोषण करती हैं। मंगलवार की रात खुशी मोबाइल चला रही थी। मां ने खुशी को मोबाइल चलाने से मना किया। इससे नाराज होकर खुशी कमरे में चली गई और फंदा लगा लिया। इसकी जानकारी होते ही परिजनों में हड़कंप मच गया।
परिजन आनन-फानन कमरे का दरवाजा खोलकर अंदर दाखिल हुए और फंदे से उतारकर खुशी को उपचार के लिए जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। हालत गंभीर होने के कारण चिकित्सक ने उसे अलीगढ़ रेफर कर दिया। उपचार के लिए अलीगढ़ ले जाते समय खुशी ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। उसकी मौत से परिजन शोक में डूब गए। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।