जिला पंचायत के वर्ष 2015 के चुनाव में जिले में सबसे बड़ी जीत दर्ज कराने वाले केपी मिस्त्री फिर वार्ड नंबर छह पर मुस्तैदी से डटे हैं। इस बार उनकी मां जसोदा देवी निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में मैदान में हैं, जो यहां से भाजपा समर्थित उम्मीदवार प्रवेश देवी को कड़ी टक्कर दे रही हैं। भाजपा से टिकट मांग रहीं विमलेश देवी अब बागी होकर निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में मैदान में हैं।
सपा, बसपा, कांग्रेस, रालोद और आप का यहां कोई प्रत्याशी नहीं है। इन पार्टियों के जिलाध्यक्षों के बयान भी इस वार्ड को लेकर गोलमोल हैं। चर्चा ये भी है कि पूर्व में ही सेटिंग हो गई थी। दरअसल, ये वार्ड छह उस उक्त सुर्खियों में आया था। जब नामांकन से ठीक पहले एटा सांसद राजवीर सिंह राजू की पुत्री पूर्णिमा सिंह के चुनाव लड़ने की सरगर्मी हुई थी।
लेकिन भाजपा ने किसी भी माननीय के रक्त संबंधी को इस चुनाव में मौका देने से मना कर दिया। उसके बाद भाजपा से प्रवेश देवी को मैदान में उतारा गया। अब इस वार्ड पर त्रिकोणीय मुकाबला हो रहा है। जिसमें तीनों प्रत्याशी दमदार हैं। पिछले चुनाव में केपी ने अपने प्रतिद्वंदी को लगभग 10 हजार वोटों से करारी शिकस्त दी थी।
केपी मिस्त्री खुद लोधी राजपूत हैं और ये इलाका इस समुदाय का गढ़ है। इसलिए भाजपा ने भी यहां से इसी समुदाय की प्रवेश देवी को मौका दिया है। अब देखना दिलचस्प होगा कि गत चुनाव में तीसरे नंबर पर रही भाजपा इस बार केपी मिस्त्री के सामने चुनाव में क्या करिश्मा दिखाती है। ये वार्ड पूर्व सीएम कल्याण सिंह, एटा सांसद राजवीर सिंह राजू, भाजपा जिलाध्यक्ष के गृह क्षेत्र में है, इसलिए भाजपाइयों ने भी पूरा दम लगा दिया है।
50 हजार वोटर
इस वार्ड में कुल 50 हजार वोटर हैं। जिसमें आधे लोधी राजपूत सबसे ज्यादा हैं। चार हजार ब्राह्मण, डेढ़ हजार जाट, एक हजार मुस्लिम, छह हजार जाटव मतदाता एकजुट होकर चुनाव का रुख बदल सकते हैं।
वार्ड का इलाका
वार्ड नंबर छह में विधीपुर, सहनोल, पनिहारा, शेखूपुर, पिलखुनी, राजमार्गपुर, चकाथल, नगला हर्जी, चालाकपुर, सिमथला, सूरतगढ़, बैमवीरपुर, ख्ेाड़िया रफातपुर, ख्ेाड़िया बहादुरगढ़ी, किरथला आदि गांव लगते हैं।