सियासी समर में टिकटों का इंतजार जटिल हो रहा है। समय बेहद कम है। मगर अभी तक किसी दल की ओर से कोई इशारा नहीं है। हां, निर्देश हैं तो बस ये कि फील्ड में और सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर काम करो। टिकट जल्द जारी कर दिए जाएंगे। इन्हीं निर्देशों के चलते हर दल में जनसंपर्क और डिजिटल वार इन दिनों सियासी हथियार बना हुआ है। सभी दलों ने अपने-अपने तरह से काम शुरू कर रखा है। वहीं दावेदारों की अपनी-अपनी फील्ड व सोशल मीडिया टीम भी अपनी-अपनी तरह से काम में जुटी हुई है।
बसपा में महासचिव ने लिया तैयारियों का जायजा
बसपा खेमे में मंगलवार को पूर्व सांसद राष्ट्रीय महासचिव मुनकाद अली यहां आए और उन्होंने चुनावी तैयारियों का जायजा लिया। इस दौरान बैठक में उन्होंने एक ही संदेश दिया कि प्रत्याशी कोई हो, हमें अपना नेता मायावती को मानकर वोट देना है और डलवाना है। अपने कैडर वोट के दम पर विधायक जितवाना है। उन्होंने बूथ, सेक्टर, विधानसभा व मंडलवार टीमें बनाकर प्रचार में उतारने के निर्देश दिए। साथ में सोशल मीडिया पर बसपा की रीतियों के प्रचार प्रसार पर जोर दिया। इस बैठक में मुख्य सेक्टर प्रभारी सूरज सिंह, जिलाध्यक्ष रतन दीप सिंह, रणबीर कश्यप, अशोक सिंह एडवोकेट, सुरेश गौतम एडवोकेट, गजराज विमल, विजेंद्र सिंह विक्रम, तिलक राज यादव, हरजीत सिंह, बिलाल अहमद, फारुख अहमद, रजिया खान , डॉ. ओमवीर सिंह, सुशील कुमार, नरेंद्र शर्मा, सेक्टर प्रभारी केपी सिंह एडवोकेट आदि थे।
सपा की टीम लौटी, एक सीट पर मंथन जारी
सपा खेमे में लखनऊ से पार्टी नेताओं का निर्देश प्राप्त कर टीम लौटी है। यह टीम बूथ से लेकर वार्ड, मोहल्ला व विधानसभा स्तर पर अलग-अलग पांच-पांच लोगों की टीम बनाकर प्रचार से लेकर चुनाव प्रबंधन का काम देखेगी। सबसे बड़ा फोकस सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर काम करने का है। जिसमें सरकार की नीतियों और पार्टी की रीतियों पर संदेश प्रसारित करने हैं। पार्टी सूत्रों से जानकारी मिली है कि जिले की तीन सीटों पर प्रत्याशी लगभग तय हैं। बस एक कोल सीट पर पेच फंसा हुआ है। यहां दावेदार अधिक होने और सभी दावेदारों की अपनी अपनी सिफारिश होने के कारण टिकट जारी होने में देरी हो रही है। फिर भी सपा हाईकमान ने अपना मन बना लिया है। संकेत हैं कि बिना किसी सिफारिश के किसी भी दिन टिकट घोषित हो सकती हैं। जानकारी मिली है कि मंगलवार को भी सपा हाईकमान ने कोल को लेकर अलीगढ़ में फीडबैक लिया है।
हर दरवाजे दस्तक देना भाजपा का एकमात्र लक्ष्य
भाजपा खेमा में टिकटों को लेकर साफ निर्देश हैं कि जो नाम या जो पैनल पहुंचना था। वह प्रदेश नेतृत्व तक पहुंच गया है। प्रदेश चुनाव समिति की बैठक ने उस पर मुहर लगाकर केंद्र समिति को भेज दिया है। किसी को न तो सिफारिश के लिए दौड़ लगानी और न इधर उधर भागना। सभी को सिर्फ एकमात्र काम है कि मंडल, वार्ड, बूथ व पन्ना प्रमुख अपने-अपने क्षेत्र में अपने अपने जिम्मे मिले काम के जरिये हर दरवाजे पर दस्तक दें। उन्हें बताना है कि विकास आस पूरी हुई है और विकास घर घर पहुंचा है। इस दौरान वह साहित्य भी हर घर दिया जा रहा है, जिसमें सरकार के कामकाज गिनाए बताए गए हैं।
रालोद-कांग्रेस में भी काम जारी, इंतजार घोषणा का
रालोद व कांग्रेस में भी कमोबेश यही हालात हैं। यहां नामों की घोषणा बाकी है। बस सभी दावेदारों, पार्टी पदाधिकारियों को अपने अपने क्षेत्र में काम करने का निर्देश मिला है। संकेत हैं कि यहां भी एक दो दिन में टिकट घोषित हो सकती हैं।
सोशल मीडिया पर मॉनीटरिंग-टीकाटिप्पणी जारी
पार्टी गाइडलाइन के अनुसार सभी दलों की अपनी-अपनी टीम सोशल मीडिया पर सक्रिय हैं। जो अपने जिलों, अपने क्षेत्र या अपने प्रदेश, अपने दल या विपक्षी दल, अपने नेता या विपक्षी नेता से जुड़ी पोस्ट की मॉनीटरिंग करती है। यह टीम उस पर जवाब में टीकाटिप्पणी भी करती है।