हाथरस कांड के बाद महर्षि वाल्मीकि जयंती के सहारे वाल्मीकि समाज को साधने की कोशिश
- वाल्मीकि रचित रामायण का होगा मंदिरों में पाठ, भव्य कार्यक्रम कराने का सरकार ने दिया आदेश
अमर उजाला ब्यूरो
अलीगढ़। हाथरस जिले के चंदपा थाना क्षेत्र की वाल्मीकि समाज की बिटिया के साथ हुई घटना के बाद से गुस्साए इस समाज के लोगों को अब सरकार ने महर्षि वाल्मीकि जयंती के सहारे साधने की कोशिश की है। सरकार ने इस बार 31 अक्तूबर को पड़ रही वाल्मीकि जयंती पर भव्य कार्यक्रम सहित मंदिरों में 24 घंटे के लिए रामायण पाठ कराने का जिला प्रशासन को आदेश दिया है। जिलाधिकारी ने शासन के निर्देशानुसार कार्यक्रम के लिए सिटी मजिस्ट्रेट विनीत कुमार सिंह और जिला सूचना अधिकारी संदीप कुमार को नोडल अधिकारी नामित किया है। हालांकि इस बार जयंती पर कोविड नियमों के चलते झांकी नहीं निकाली जाएंगी।
जिलाधिकारी चंद्रभूषण सिंह ने बताया कि वाल्मीकि रामायण में निहित मानव मूल्यों, सामाजिक मूल्यों व राष्ट्र मूल्यों के व्यापक प्रचार-प्रसार व जनमानस को इससे जोड़ने के लिए महर्षि वाल्मीकि से संबंधित स्थलों/मंदिरों आदि पर दीप प्रज्ज्वलन तथा दीपदान के साथ-साथ अनुवरत 08, 12 अथवा 24 घंटे का वाल्मीकि रामायण का पाठ कराया जाएगा। शासन की ओर से यह आदेश जारी हुआ है। रामायण पाठ के लिए भगवान श्रीराम व हनुमान तथा अन्य महत्वपूर्ण मंदिरों का चयन किया जाएगा। कार्यक्रमों के आयोजन में कोविड-19 के दिशा-निर्देशों का पालन कराया जाएगा। स्थानीय जनप्रतिनिधियों की व्यापक/उचित भागीदारी भी सुनिश्चित कराई जाएगी। आयोजन के लिए सिटी मजिस्ट्रेट विनीत कुमार सिंह व जिला सूचना अधिकारी संदीप कुमार को नोडल अधिकारी बनाया है।