फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

भीषण गर्मी से दो की मौत, हाहाकार

Sun, 05 Jun 2016 01:52 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन
गरमी
विज्ञापन
 भीषण गर्मी में बिजली कटौती में लोग छटपटा कर रह गए हैं। शनिवार को तापमान 42 डिग्री सेल्सियस रहा। गर्मी के चलते नौरंगीलाल राजकीय इंटर कालेज के बाहर एक व्यक्ति और दूसरे की रेलवे स्टेशन के निर्माणाधीन प्लेटफार्म के पास मरने की भी बात कही जा रही है।
विज्ञापन

  पिछले कुछ दिनों में बेतहाशा हुई बिजली कटौती को लेकर व्यापारी संगठनों का आक्रोश उफन आया है। अलीगढ़ उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के जिलाध्यक्ष भूपेंद्र वार्ष्णेय ने इस भीषण गर्मी में अघोषित बिजली कटौती सहित अन्य बिजली संबंधी समस्याओं को लेकर प्रदेश सरकार की निंदा की है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री का दावा बिल्कुल उल्टा साबित हुआ है।
उन्होंने कहा कि बिजली कटौती के चलते बच्चे परेशान हो रहे हैं और बुजुर्ग बीमार हो रहे हैं। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री को प्रेषित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा और शहर में बिजली संकट की ओर ध्यान दिलाया।
विज्ञापन

ज्ञापन में कहा गया है कि अलीगढ़ में बिजली की व्यवस्था चरमरा चुकी है। प्रतिदिन 10-12 घंटे की कटौती हो रही है। उद्योग व्यापार पर इसका सबसे बड़ा असर पड़ रहा है। साथ ही भीषण गर्मी में आम लोग भी बिलबिला कर रह गए हैं।
उमस भरे कमरों में बिना बिजली के ही रात और दिन काटने पड़ रहे हैं। ज्ञापन पर महानगर चेयरमैन ओपी राठी, महानगर अध्यक्ष प्रदीप गंगा, जिलाध्यक्ष कमल गुप्ता, वरिष्ठ महानगर महामंत्री मनीष अग्रवाल वूल, चंद्र किशोर जलाली, वीके मित्तल, सुरेश चंद्र लोधी, रत्नाकर आर्य, राजेंद्र कोल, जफर सईद सिद्दीकी, नवेंद्र जैन, मो. इमरान आदि के हस्ताक्षर हैं।
एएमयू में प्रदर्शन करती छात्रा गर्मी से बेहोश
अलीगढ़ (ब्यूरो)। परीक्षाओं में बैक पेपर दिलवाए जाने की मांग को लेकर ग्रेजुएट फाइनल के विद्यार्थियों ने शनिवार को एडमिनिस्ट्रेटिव ब्लाक पर प्रदर्शन किया।
  इस दौरान गर्मी के चलते एक छात्रा बेहोश हो गई जिसे बाद में मेडिकल कॉलेज के लिए ले जाया गया। प्रदर्शन कर रहे विद्यार्थियों ने विवि प्रशासन को एक ज्ञापन भी सौंपा जिसमें कहा गया है कि ग्रेजुएटिंग पेपर में बैठने के लिए पहले भी आला अधिकारियों को कई बार प्रार्थना पत्र दिया गया लेकिन उसकी कोई सुनवाई नहीं हुई। ऐसे विद्यार्थी पांच अंक ग्रेस मार्क्स के रूप में चाहते हैं। प्रदर्शनकारियों ने एडमिनिस्ट्रेटिव ब्लाक के अंदर घुसना चाहा लेकिन सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें रोक दिया। इसके बाद कुछ प्रतिनिधि अंदर गए और ज्ञापन सौंपा। विश्वविद्यालय प्रशासन ने मांगों पर उदारतापूर्वक विचार करने का भरोसा दिलाया है। 
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें